पूर्णिया में स्वच्छता सर्वेक्षण की केंद्रीय टीम ने तेज की मुहिम, लिया जा रहा फीडबैक
लिया जा रहा फीडबैक
सीधे जनता के बीच पहुंचकर शहर में फीडबैक ले रहे टीम के सदस्य
बिना किसी पूर्व सूचना के बाजार, स्कूल व मुहल्लों में ले रहे जायजा
पूर्णिया. स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए पहुंची केन्द्रीय टीम ने पूर्णिया शहर में अब अपनी मुहिम तेज कर दी है. शहर के कुल 46 वार्डों में से 28 वार्डों का सर्वे लगभग पूरा हो गया है. यह टीम सीधे जनता के बीच पहुंचकर शहर में साफ-सफाई की व्यवस्था का लाइव फीडबैक ले रही है. सर्वेक्षण टीम के सदस्य बिना किसी पूर्व सूचना के शहर के विभिन्न मुख्य बाजारों, सरकारी व निजी स्कूलों, सार्वजनिक स्थलों और रिहायशी मोहल्लों का औचक निरीक्षण कर रहे हैं. इस बार लोगों को भी स्वच्छता सर्वेक्षण में पूर्णिया के बहेतर रैंकिंग की उम्मीद है. नगर निगम ने भी अपने स्तर से इसके लिए खूब कोशिश की है.गौरतलब है कि स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए यहां आयी छह सदस्यीय टीम पिछले कई दिनों से कैम्प कर रही है. टीम के सदस्य शहर के विभिन्न इलाकों में डेरा डाले हुए हैं. जो जहां हैं वहीं से निकल कर न केवल रैंकिंग के मानकों के हिसाब से व्यवस्था का जायजा ले रहे हैं बल्कि आम नागरिकों से नगर निगम की सुविधा और व्यवस्था के मुतल्लिक फीड बैक भी ले रहे हैं. उपलब्ध जानकारी के अनुसार, सर्वेक्षण टीम द्वारा निगम के 28 वार्डों में अब तक लोगों से फीडबैक लिया गया है. टीम के सदस्य व्यापारिक प्रतिष्ठानों और राहगीरों से कचड़ा उठाव और डस्टबिन की उपलब्धता को लेकर सवाल पूछ रहे हैं. स्कूलों में पहुंचकर बच्चों और शिक्षकों से स्वच्छता ऐप, सूखे और गीले कचरे के वर्गीकरण के बारे में जानकारी ली जा रही है.
घरों का दरवाजा खटखटा रहे टीम के सदस्य
स्वच्छता सर्वेक्षण की टीम के मेम्बरान इतने चौकस हैं कि फीड बैक के लिए इस बार सीधे आम नागरिकों के घरों का दरवाजे खटखटा रहे हैं. यहां लोगों से वे पूछ रहे हैं कि कचरा गाड़ी रोज आती है या नहीं? क्या वे सफाई कर्मियों के व्यवहार और काम से संतुष्ट हैं ? टीम के सदस्य मुख्य रूप से कई मानकों के आधार पर नगर निगम का मूल्यांकन कर रहे हैं. ज्ञात हो कि पिछले कई माह से पूर्णिया नगर निगम शहर के सौंदर्यीकरण और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट को लेकर लगातार काम कर रहा है.
बेहतर रैंकिंग की हर कोई कर रहा उम्मीद
शहर के नागरिकों को इस बार उम्मीद है कि बेहतर रैकिंग प्राप्त हो जाएगा. इस छह सदस्यीय टीम की रिपोर्ट के आधार पर ही इस वर्ष की स्वच्छता रैंकिंग तय होगी. अब देखना यह है कि जनता के इस लाइव फीडबैक के बाद पूर्णिया स्वच्छता के इस महापर्व में कितना खरा उतरता है. नगर निगम प्रशासन ने शहरवासियों से अपील की है कि सर्वे टीम उनके पास पहुंचे तो वे पूरी ईमानदारी और सकारात्मकता के साथ अपना फीडबैक दर्ज कराएं. जनता का सही और सकारात्मक फीडबैक ही पूर्णिया को इस बार स्वच्छता रैंकिंग में शीर्ष पायदान पर पहुंचा सकता है.
