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Home Rajya बिहार बिहार के इस जिले में प्री-मानसून ने तोड़ा रिकॉर्ड, पिछले 9 साल में हुई सबसे खतरनाक और झमाझम बारिश

बिहार के इस जिले में प्री-मानसून ने तोड़ा रिकॉर्ड, पिछले 9 साल में हुई सबसे खतरनाक और झमाझम बारिश

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बिहार के इस जिले में प्री-मानसून ने तोड़ा रिकॉर्ड, पिछले 9 साल में हुई सबसे खतरनाक और झमाझम बारिश
AI फोटो

Bihar Weather Alert: मॉनसून आने में अभी समय है, लेकिन उससे पहले ही बिहार के पूर्णिया में लगातार हो रही तेज बारिश ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. इस बार प्री-मानसून सीजन में पूर्णिया में बीते कई वर्षों का रिकॉर्ड टूट गया है. मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार 24 मई तक जिले में सामान्य से दोगुनी बारिश दर्ज की गई है. लगातार बारिश की वजह से जहां खेती-किसानी को भारी नुकसान हुआ है, वहीं लोगों को अब बाढ़ का डर भी सताने लगा है.

सामान्य से दोगुनी हुई बारिश

मौसम विभाग के मुताबिक प्री-मानसून सीजन यानी मार्च से मई के बीच पूर्णिया में औसतन 126 मिमी बारिश होती है. लेकिन इस साल 24 मई तक ही जिले में 373.3 मिमी बारिश रिकॉर्ड की जा चुकी है. मौसम वैज्ञानिक राकेश कुमार ने बताया कि यह सामान्य से करीब दोगुनी बारिश है. बंगाल की खाड़ी से लगातार आ रही नमी और सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ की वजह से जिले में लगातार बारिश हो रही है.

कई सालों का रिकॉर्ड टूटा

बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस बार की बारिश ने कई पुराने रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिए हैं. वर्ष 2025 में अब तक 211.19 मिमी बारिश हुई थी, जबकि 2024 में 239.2 मिमी और 2023 में सिर्फ 59.5 मिमी बारिश दर्ज हुई थी. वहीं 2022 में 288.9 मिमी, 2021 में 469.4 मिमी और 2020 में 398.4 मिमी बारिश हुई थी. वर्ष 2017 में 403.2 मिमी बारिश दर्ज की गई थी. इस बार भी बारिश उसी स्तर तक पहुंचती दिख रही है.

अप्रैल में भी पूर्णिया रहा सबसे आगे

बीते अप्रैल महीने में भी पूर्णिया पूरे बिहार में सबसे ज्यादा बारिश वाला जिला बना था. सिर्फ अप्रैल महीने में यहां 96.8 मिमी बारिश हुई थी, जबकि बिहार के बाकी जिलों में इससे काफी कम बारिश दर्ज की गई थी. लगातार बारिश ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है.

खेतों में बर्बाद हो रही फसल

लगातार बारिश और तेज हवा की वजह से मक्के की फसल को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा है. खेतों में खड़ी फसल गिर गई है और कटाई के बाद खलिहान में रखा मक्का भी भीग गया है. किसानों को फसल सुखाने तक का मौका नहीं मिल पा रहा है. कई जगहों पर दूसरी फसलें भी खराब होने लगी हैं, जिससे किसानों की परेशानी बढ़ गई है.

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बाढ़ का खतरा भी बढ़ा

पूर्णिया का पूर्वी इलाका हर साल बाढ़ से प्रभावित होता है. महानंदा, परमान, कनकई और बकरा जैसी नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. लोगों को डर है कि अगर इसी तरह बारिश जारी रही तो मानसून आने के बाद कई गांवों में बाढ़ और कटाव की स्थिति पैदा हो सकती है. लगातार हो रही बारिश ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है.

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परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
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