पटना से नितिश सिंह की रिपोर्ट
Patna Crime News : एसटीएफ और पटना पुलिस की संयुक्त टीम ने गुजरात के सोना कारोबारी से 15 किलो सोना लूटने के चर्चित मामले में मुख्य आरोपी बिक्रम उर्फ हुलुकवन को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी को रामकृष्णानगर थाना क्षेत्र के जगनपुरा इलाके से दबोचा गया. उसके पास से 3.05 लाख रुपये नकद, एक लैपटॉप और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं. पुलिस के अनुसार बिक्रम पटना जिले के टॉप-10 अपराधियों में शामिल है और पिछले 15 वर्षों से हत्या, लूट, डकैती तथा आर्म्स एक्ट जैसे कई गंभीर मामलों में वांछित रहा है.
जेल में रची गई थी लूट की साजिश
पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि 22 करोड़ रुपये मूल्य के 15 किलो सोना लूटकांड की साजिश जेल में बंद अन्य अपराधियों के साथ मिलकर रची गई थी. वारदात के बाद गिरफ्तारी से बचने के लिए वह लगातार अपना ठिकाना बदलता रहा. वह पटना से भागकर दिल्ली, गुवाहाटी, नेपाल और कोलकाता तक गया और पहचान छिपाकर रह रहा था. पुलिस की तकनीकी टीम ने उसकी लोकेशन ट्रैक कर पटना लौटने के दौरान उसे गिरफ्तार कर लिया.
लूट के पैसों से खरीदे घरेलू सामान, शेयर बाजार में लगाया पैसा
बिक्रम ने पुलिस को बताया कि लूट के बाद उसे शुरुआती हिस्से के तौर पर 10 लाख रुपये मिले थे. इनमें से 3 लाख रुपये उसने शेयर बाजार में निवेश किए, जबकि शेष राशि से टीवी, फ्रिज और एसी जैसे घरेलू सामान खरीदे. बची हुई रकम फरारी के दौरान घूमने-फिरने और ठिकाने बदलने में खर्च कर दी.
कई मामलों में पहले से दर्ज हैं केस
पुलिस के अनुसार बिक्रम मूल रूप से पीरबहोर थाना क्षेत्र के सब्जीबाग स्थित दुरुखी गली का रहने वाला है. गिरफ्तारी से बचने के लिए वह पटना के विभिन्न इलाकों में ठिकाना बदलकर रह रहा था. उसके खिलाफ गांधी मैदान, कदमकुआं, पीरबहोर समेत कई थानों में आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं.
पहले भी सात आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
गौरतलब है कि चार अप्रैल को खगौल क्षेत्र में गुजरात के एक सोना कारोबारी के कर्मियों से करीब 22 करोड़ रुपये मूल्य का 15 किलो सोना लूट लिया गया था. इस मामले में पुलिस पहले ही एक महिला समेत सात आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है. मुख्य आरोपी बिक्रम की गिरफ्तारी को इस हाई-प्रोफाइल लूटकांड में पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है.
