[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार पटना बिहार में असिस्टेंट प्रोफेसर बहाली का नया नियम जानिए, NET-PhD के बाद भी देनी होगी यह परीक्षा

बिहार में असिस्टेंट प्रोफेसर बहाली का नया नियम जानिए, NET-PhD के बाद भी देनी होगी यह परीक्षा

0
बिहार में असिस्टेंट प्रोफेसर बहाली का नया नियम जानिए, NET-PhD के बाद भी देनी होगी यह परीक्षा
AI से बनाई गई सांकेतिक तस्वीर

Bihar Assistant Professor Recruitment: बिहार के विश्वविद्यालयों और अंगीभूत कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया में बड़ा बदलाव होने जा रहा है. बिहार लोक भवन द्वारा तैयार ‘ड्राफ्ट स्टैच्यूट-2026’ के अनुसार अब केवल शैक्षणिक योग्यता और इंटरव्यू के आधार पर नियुक्ति नहीं होगी. अभ्यर्थियों को लिखित परीक्षा के साथ अपनी पढ़ाने की क्षमता भी साबित करनी होगी.

यदि यह मसौदा लागू होता है, तो बिहार उन चुनिंदा राज्यों में शामिल हो जाएगा जहां विषय ज्ञान के साथ-साथ शिक्षण कौशल का भी औपचारिक मूल्यांकन किया जाएगा.

200 अंकों की होगी पूरी चयन प्रक्रिया

ड्राफ्ट के अनुसार असिस्टेंट प्रोफेसर की नियमित नियुक्ति के लिए कुल 200 अंक निर्धारित किए गए हैं. इनमें 175 अंकों की लिखित परीक्षा और 25 अंकों का साक्षात्कार शामिल होगा. लिखित परीक्षा व्यक्तिपरक (Descriptive) होगी. इसका पाठ्यक्रम संबंधित विषय की यूजीसी-नेट परीक्षा के अनुरूप रखा गया है.

टीचिंग स्किल टेस्ट होगा सबसे अहम

नई व्यवस्था की सबसे खास बात टीचिंग स्किल टेस्ट है. साक्षात्कार के 25 अंकों में से 13 अंक केवल ऑन-द-स्पॉट टीचिंग स्किल टेस्ट के लिए निर्धारित किए गए हैं. अभ्यर्थियों को इंटरव्यू बोर्ड के सामने पढ़ाकर अपनी क्षमता दिखानी होगी. पूरी प्रक्रिया की अनिवार्य रूप से वीडियो रिकॉर्डिंग भी की जाएगी.

शेष 12 अंक विषयगत समझ, व्यक्तित्व और इंटरव्यू बोर्ड के साथ संवाद के आधार पर दिए जाएंगे.

एक पद पर तीन उम्मीदवारों को मिलेगा मौका

लिखित परीक्षा के परिणाम के आधार पर प्रत्येक पद के लिए तीन अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाया जाएगा. इसके बाद अंतिम मेरिट तैयार की जाएगी.

NET या PhD होने पर भी देनी होगी परीक्षा

ड्राफ्ट के अनुसार संबंधित विषय में 55 प्रतिशत अंकों के साथ मास्टर डिग्री और NET या SET न्यूनतम योग्यता होगी. हालांकि यूजीसी रेगुलेशन-2009 या 2016 के तहत पीएचडी करने वाले उम्मीदवारों को NET से छूट मिलेगी. इसके बावजूद उन्हें लिखित परीक्षा और टीचिंग टेस्ट में शामिल होना अनिवार्य होगा.

पहली बार पढ़ाने की क्षमता बनेगी चयन का आधार

उच्च शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि अब तक अधिकांश विश्वविद्यालयों में नियुक्ति के दौरान शैक्षणिक उपलब्धियों और इंटरव्यू को ही महत्व दिया जाता था. नए प्रावधान लागू होने पर उम्मीदवारों की वास्तविक कक्षा शिक्षण क्षमता का भी मूल्यांकन होगा. इससे उन अभ्यर्थियों को फायदा मिल सकता है जिनकी विषय पर मजबूत पकड़ के साथ संप्रेषण कौशल भी बेहतर है.

संविदा बहाली में भी होगा टीचिंग टेस्ट

ड्राफ्ट में संविदा आधारित नियुक्तियों के लिए भी अलग व्यवस्था प्रस्तावित की गई है. छात्र-शिक्षक अनुपात बिगड़ने या आकस्मिक जरूरत होने पर ही संविदा शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी.

इनके चयन में एपीआई स्कोर, शोध कार्य और इंटरव्यू को आधार बनाया जाएगा. संविदा बहाली के इंटरव्यू में भी 6 अंक टीचिंग स्किल टेस्ट और 6 अंक इंटरैक्शन के लिए निर्धारित किए गए हैं. इस प्रक्रिया की भी वीडियो रिकॉर्डिंग होगी.

बिहार की ताजा खबरों के लिए यहां क्लिक करें

नियमित प्रोफेसर के बराबर मिलेगा शुरुआती वेतन

संविदा पर नियुक्त शिक्षकों को नियमित असिस्टेंट प्रोफेसर के प्रवेश स्तर के बेसिक वेतन और महंगाई भत्ते के बराबर एकमुश्त राशि देने का प्रस्ताव रखा गया है. हालांकि यह नियुक्ति एक शैक्षणिक सत्र तक ही मान्य होगी. नियमित नियुक्ति होने पर संविदा नियुक्ति स्वतः समाप्त हो जाएगी.

सरकार के अंतिम फैसले का इंतजार

फिलहाल यह प्रस्ताव ड्राफ्ट स्टैच्यूट के रूप में तैयार किया गया है. राज्य सरकार आपत्तियों और सुझावों पर विचार करने के बाद अंतिम निर्णय लेगी. यदि इसे मंजूरी मिलती है, तो बिहार में विश्वविद्यालय शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया पूरी तरह बदल सकती है.

Also Read: भरत तिवारी एनकाउंटर केस में अब तक क्या-क्या हुआ और कैसे बदलता गया पूरा मामला? जानिए 7 दिनों का पूरा घटनाक्रम

Previous article पुलिस रिमांड में रामपुर गोलीकांड के आरोपी की बेरहमी से पिटाई, मेडिकल रिपोर्ट में शरीर पर चोट के निशान की पुष्टि
Next article भारत के सामने फिर घुटनों पर आया पाकिस्तान, 4 दनादन गोल दागकर चटाई धूल
Avatar Of Abhinandan Pandey
अभिनंदन पांडेय पिछले दो वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की और दैनिक जागरण, भोपाल में काम किया. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के हिस्सा हैं. राजनीति, खेल और किस्से-कहानियों में उनकी खास रुचि है. आसान भाषा में खबरों को लोगों तक पहुंचाना और ट्रेंडिंग मुद्दों को समझना उन्हें पसंद है. अभिनंदन ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से की. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को सही तरीके से लोगों तक पहुंचाने की सोच ने उन्हें इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने भोपाल में बॉलीवुड के कई बड़े कलाकारों और चर्चित हस्तियों के इंटरव्यू किए. यह अनुभव उनके करियर के लिए काफी अहम रहा. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर डिजिटल में इंटर्नशिप की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की वास्तविक दुनिया को करीब से समझा. बहुत कम समय में उन्होंने रियल टाइम न्यूज लिखना शुरू कर दिया. इस दौरान उन्होंने सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता भी बेहद जरूरी होती है. फिलहाल वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ काम कर रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में कवर किया, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और वीडियो कंटेंट भी तैयार किए. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और भरोसेमंद खबर पहुंचे. पत्रकारिता में उनका लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और एक विश्वसनीय पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel