वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर महाराजी पोखर का सौंदर्यीकरण का काम मुशहरी सीओ की शिथिलता के कारण बाधित है. मामले में डीएम ने स्वत संज्ञान लेते हुए सीओ को अल्टीमेटम देते हुए अतिक्रमण खाली कराकर रिपोर्ट देने को कहा है. इस पोखर के सौंदर्यीकरण की स्वीकृति करीब पांच साल पूर्व मिली थी. इस बीच दो सौ से अधिक अतिक्रमणकारियों को चिह्नित किया गया. इन सभी को कई बार नोटिस भेजकर जगह खाली करने को कहा गया, लेकिन किसी ने नोटिस का संज्ञान नहीं लिया और अतिक्रमण खाली नहीं किया गया. मुशहरी सीओ को अतिक्रमण हटाने की जिम्मेवारी सौंपी गयी. लेकिन कई बार रिमाइंडर भेजने के बाद भी उनके द्वारा संज्ञान नहीं लिया गया. नगर आयुक्त और ग्रामीण विकास विभाग के द्वारा भी कई बार सीओ को पत्र भेजकर इसे खाली कराने को कहा. इसके बावजूद भी उन्होंने रूचि नहीं ली. तब जाकर डीएम ने मामले में संज्ञान लेते हुए सीओ को शीघ्र कार्रवाई कर रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है. अतिक्रमण खाली नहीं होने के कारण पिछले करीब पांच वर्षों से सौंदर्यीकरण की कोशिश जारी है, इसी के तहत पानी की उड़ाही और सौंदर्यीकरण का कार्य किया जाना है.