Aaj Ka Darshan: गुलाब और गेंदा से सजे बाबा गरीबनाथ, जलाभिषेक के लिए उमड़ी भक्तों की भीड़

Aaj Ka Darshan: मुजफ्फरपुर के गरीबनाथ मंदिर में बुधवार सुबह से जलाभिषेक और पूजन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी. गुलाब, गेंदा और बेलपत्र से बाबा का भव्य शृंगार किया गया.

By Aaruni Thakur | June 17, 2026 7:30 AM

Aaj Ka Darshan: मुजफ्फरपुर स्थित गरीबनाथ मंदिर में बुधवार 17 जून को सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. जलाभिषेक, पूजन और दर्शन के लिए बड़ी संख्या में भक्त मंदिर पहुंचे. पूरे मंदिर परिसर में “बाबा गरीबनाथ की जय” के उद्घोष से भक्तिमय माहौल बना रहा.

सुबह पांच बजे मंदिर के पट खुलने के बाद सेवइत परिवार के पंडित बच्चा पाठक ने बाबा गरीबनाथ की विधि-विधान से षोड्शोपचार पूजा की. पूजा के दौरान बाबा को दूध, दही, घी और गंगाजल से स्नान कराया गया.

गुलाब, गेंदा और बेलपत्र से हुआ महाशृंगार

पूजन के बाद बाबा का गुलाब, गेंदा और बेलपत्र से आकर्षक महाशृंगार किया गया. शंखनाद के बीच मंगला आरती संपन्न हुई. इस दौरान गर्भगृह के बाहर मौजूद श्रद्धालुओं ने बाबा की पूजा और आरती का दर्शन किया.

बैरिकेडिंग के माध्यम से कराया गया जलाभिषेक

मंगला आरती के बाद श्रद्धालुओं को बैरिकेडिंग के माध्यम से गर्भगृह में प्रवेश कराया गया. भक्तों ने गंगाजल, पुष्प और बेलपत्र अर्पित कर भगवान शिव का जलाभिषेक किया.

मंदिर में दिनभर दर्शन और पूजन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा. कई परिवारों ने पुरोहितों के मार्गदर्शन में रुद्राभिषेक पूजन भी कराया.

दिनभर जारी रहेगा पूजा-अर्चना का क्रम

मंदिर प्रशासन के अनुसार दोपहर ढाई बजे प्रधान पुजारी पंडित विनय पाठक बाबा की विशेष पूजा और आरती करेंगे. इसके बाद बाबा के शयन के लिए गर्भगृह का पट बंद कर दिया जाएगा.

शाम चार बजे पुनः दर्शन और पूजन के लिए गर्भगृह खोला जाएगा. रात्रि साढ़े नौ बजे सेवइत परिवार के पंडित बैजू पाठक बाबा की पूजा कर फूलों से विशेष शृंगार करेंगे, जिसके बाद प्रधान आरती संपन्न होगी.

एक नजर में

विवरणजानकारी
स्थानगरीबनाथ मंदिर, मुजफ्फरपुर
तिथि17 जून 2026
सुबह की पूजापं. बच्चा पाठक
विशेष शृंगारगुलाब, गेंदा एवं बेलपत्र
दोपहर आरती2:30 बजे
शाम दर्शन4:00 बजे से
प्रधान आरतीरात्रि 9:30 बजे

आज की प्रमुख बातें

  • सुबह पांच बजे से जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी.
  • बाबा गरीबनाथ का गुलाब, गेंदा और बेलपत्र से भव्य शृंगार किया गया.
  • मंगला आरती के बाद भक्तों ने जलाभिषेक किया.
  • मंदिर में रुद्राभिषेक कराने वाले परिवारों की भी अच्छी संख्या रही.
  • रात्रि साढ़े नौ बजे प्रधान आरती के बाद गर्भगृह का पट बंद किया जाएगा.