[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार मुंगेर पुलिस होती गंभीर तो बच सकती थी जीएनएम छात्रा की जान, अब परिजन मांग रहे इंसाफ

पुलिस होती गंभीर तो बच सकती थी जीएनएम छात्रा की जान, अब परिजन मांग रहे इंसाफ

0
पुलिस होती गंभीर तो बच सकती थी जीएनएम छात्रा की जान, अब परिजन मांग रहे इंसाफ

– 17 जनवरी से ही परिजन सफियासराय थाना का लगा रहे चक्कर, 21 जनवरी को मां के बयान पर थाने में दर्ज हुई प्राथमिकी

मुंगेर

सफियासराय थाना क्षेत्र के आदमपुर निवासी किरण देवी की 25 वर्षीय पुत्री जीएनएम की छात्रा स्नेहा की जान मुंगेर पुलिस नहीं बचा सकी. हद तो यह है कि मोबाइल लोकेशन एविडेंस ( साक्ष्य ) के आधार पर 7 फरवरी को ही पूर्णिया से मुंगेर पुलिस ने स्नेहा के प्रेमी नीरज को गिरफ्तार किया. लेकिन मामला उद्भेदन करने में मुंगेर पुलिस को 19 दिन लग गये. अब मृतका की मां बेटी को न्याय की मांग कर रही है.

पुलिस की लापरवाही ने ली जीएनएम छात्रा की जान

स्नेहा भागलपुर में जीएनएम की पढ़ाई करती थी. 17 जनवरी को वह भागलपुर जाने के लिए घर से निकली. जो भागलपुर नहीं पहुंची. परिजन 18 जनवरी को सफियासराय थाना पहुंच कर बेटी के मोबाइल स्वीच ऑफ रहने और भागलपुर में उसके नहीं रहने की बात कह कर लिखित आवेदन दिया. लेकिन पुलिस ने परिजनों को यह कहा कि आप लोग ढूढ़िये, यह प्रेम प्रसंग का मामला लगता है. जिसके बाद परिजन उसे ढूढ़ने में व्यस्त हो गये. इस दौरान परिजन थाना व एसपी कार्यालय का चक्कर काटते रहे. लेकिन जब पुलिस को अपनी गर्दन फंसने का आभास हुआ और एसपी ने सख्त निर्देश दिया तो 21 जनवरी को लड़की के गुमशुदगी ( अब अपहरण ) का मामला दर्ज किया. अब पुलिस उसकी हत्या का मामला सामने लाया है. पुलिस का कहना है कि 19 जनवरी को ही पूर्णिया में किराये के मकान में उसके प्रेमी ने गला दबा कर उसकी हत्या कर दिया था और पूर्णिया के श्मशान घाट पर ही उसके शव का अंतिम संस्कार कर दिया. परिजनों की माने तो अगर पुलिस 18 जनवरी को ही एक्शन में आती तो शायद छात्रा की जान बच सकती थी.

7 फरवरी को प्रेमी हुआ था गिरफ्तार, उद्भेदन में लग गये 19 दिन

विदित हो कि मोबाइल लोकेशन, सीडीआर का कॉल डिटेल और अन्य टेक्निकल एविडेंस के आधार पर पुलिस पूर्णिया से कथित प्रेमी नीरज कुमार यादव को गिरफ्तार किया. जो पूर्णिया के बरहरा कोठी का रहने वाला है और किराये के कमरे में पूर्णिया शहर में रहता था. नीरज का भागलपुर में ही स्नेहा के साथ प्रेम परवान चढ़ा था. पुलिस उसे पकड़ कर मुंगेर लायी और न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया. लेकिन उससे कुछ उगलवा नहीं सकी. इधर जब परिजन लापता स्नेहा की बरामदगी के लिए दबाव बनाया तो नीरज को पुलिस ने रिमांड पर लिया. एसपी कहते हैं कि जब उससे कड़ाई से पूछताछ की गयी तो उसने हत्या की बात कबूल किया. जिसे पूर्णिया ले जाकर घटना का रिक्रियेशन कराया गया. एसपी ने बताया कि 19 जनवरी को ही उसकी हत्या किराये के कमरे में नीरज ने गला दबाकर कर दिया था. जिसके बाद शव को पूर्णिया के ही श्मशान घाट पर पत्नी कह कर अंतिम संस्कार कर दिया था.

————————————————————

बॉक्स

———————————————————-

मृतका की मां व उसके परिजन मांग रहे इंसाफ

मुंगेर :

मृतका की विधवा मां किरण देवी, भाई, मौसी व अन्य परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है. अब पूरा परिवार हत्यारे को फांसी दिलाने और बेटी को इंसाफ दिलाने की मुंगेर पुलिस से मांग रहा है. परिजनों का कहना है कि पुलिस तो उसकी बेटी को जीते-जी नहीं ला सकी, कम से कम हत्यारे को फांसी दिलवा दे तो शायद उसकी बेटी को इंसाफ और उसकी आत्मा को शांति मिल सके. लेकिन क्या मुंगेर पुलिस नीरज को सजा दिला पायेगी. मुंगेर पुलिस की माने तो उसके पास टैक्निकल एविडेंस है. जबकि पूर्णिया श्मशान घाट के डोम राजा का बयान मुंगेर कोर्ट में आई विटनेस के रूप में करवा चुका है. लेकिन न तो स्नेहा के शव का कोई हिस्सा मिला और न ही उसके कपड़े मिले.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel