न पीजी विभागों को मिला स्थायी शिक्षक व कर्मी, न स्थायी भवन
कॉलेजों में भी बदहाल कक्षाएं, प्रयोगशाला व लाइब्रेरी की स्थिति दयनीय
मुंगेर. मुंगेर विश्वविद्यालय और उसके कॉलेजों के बदहाल आधारभूत संरचनाओं व शैक्षणिक व्यवस्थाओं में भले ही एक साल में कोई सुधार नहीं हुआ हो, लेकिन एक साल में विश्वविद्यालय का बजट जरूर 197.71 करोड़ बढ़ गया है. जबकि एमयू के पीजी विभागों को न तो अबतक स्थायी रूप से शिक्षक और शिक्षकेतर कर्मी मिल पाये और न ही इन पीजी विभागों को अपना स्थायी भवन और फंड मिल पाया है. हद तो यह है कि करोड़ों का प्रत्येक साल बजट बनने के बाद एमयू के कॉलेजों में कक्षाएं, प्रयोगशाला व लाइब्रेरियों की स्थिति अब तक बदहाल ही है.