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Home बिहार किशनगंज कंचनजंगा एक्सप्रेस में लगेंगे एलएचबी कोच, झटकों से मिलेगी मुक्ति

कंचनजंगा एक्सप्रेस में लगेंगे एलएचबी कोच, झटकों से मिलेगी मुक्ति

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कंचनजंगा एक्सप्रेस में लगेंगे एलएचबी कोच, झटकों से मिलेगी मुक्ति

ठाकुरगंज यात्री सुविधा को और अधिक बेहतर बनाने तथा समग्र यात्रा अनुभव को बेहतर बनाने के प्रयास हो रहा है. इस प्रयास में भारतीय रेलवे ट्रेन संख्या 13173/13174 (सियालदह-सबरूम) व 13175/13176 (सियालदह-सिलचर) कंचनजंगा एक्सप्रेस के मौजूदा पारंपरिक आईसीएफ कोच की जगह एक आधुनिक लिंक हॉफमैन बुश (एलएचबी) रेक शुरू कर रहा है. इस बात की जानकरी देते हुए पूर्वोतर सीमांत रेलवे के मुख्य जनसंपर्क पदाधिकारी कपिंजल किशोर शर्मा ने बताया कि इस अपग्रेडेड रेक वाली ट्रेन का परिचालन क्रमशः 28 और 29 नवंबर से प्रारंभ होगा, बताते चले कंचनजंगा एक्सप्रेस पूर्वोत्तर क्षेत्र को पूर्वी भारत से जोड़ने वाली एक महत्वपूर्ण रेल सेवा है, जो यात्रियों की सुगम आवाजाही सुनिश्चित करती है व जिन राज्यों से होकर गुजरती है, उनके बीच सामाजिक-आर्थिक एकीकरण को बढ़ावा देती है. पारंपरिक आईसीएफ कोचों के स्थान पर आधुनिक लिंक हॉफमैन बुश (एलएचबी) कोचों का आगमन रेल आधुनिकीकरण में एक महत्वपूर्ण प्रगति का प्रतीक है. ये अत्याधुनिक कोच बेहतर संरक्षा सुविधाओं से सुसज्जित हैं, जिनमें एंटी-टेलिस्कोपिक डिज़ाइन भी शामिल है जो टक्करों के दौरान होने वाले प्रभाव को कम करता है. उन्नत सस्पेंशन सिस्टम के कारण यात्रियों को बेहतर आराम का भी लाभ मिलता है. इसके अलावा, एलएचबी कोच उच्च परिचालन गति को सपोर्ट करते हैं और इनमें सौंदर्यीकृत इंटीरियर हैं, जो यात्रा दक्षता और समग्र यात्री अनुभव दोनों को बेहतर बनाते हैं. नवप्रवर्तित एलएचबी रेकों में पांच एसी 3-टियर कोच, एक एसी 2-टियर कोच, नौ स्लीपर क्लास कोच और चार जनरल सिटिंग कोच शामिल होंगे, जो विभिन्न ट्रेवल क्लास के यात्रियों के लिए संतुलित यात्रा व्यवस्था करने की क्षमता सुनिश्चित करेंगे. यह पहल भारतीय रेलवे द्वारा अपनी यात्री सेवाओं में विश्वस्तरीय यात्रा अनुभव प्रदान करने के निरंतर प्रयास को दर्शाती है. अपने रोलिंग स्टॉक के आधुनिकीकरण के माध्यम से, भारतीय रेलवे यात्रियों की बदलती ज़रूरतों और अपेक्षाओं को पूरा करने के साथ-साथ यात्रा की समग्र गुणवत्ता को बेहतर बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराता है. कंचनजंगा एक्सप्रेस में नए एलएचबी रेक की शुरुआत केवल एक अपग्रेड नहीं है, बल्कि रेलवे सेवा में उत्कृष्टता और नवाचार के प्रति भारतीय रेलवे के समर्पण का एक स्पष्ट प्रदर्शन है.

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