मुख्य बातें:
कटिहार से सरोज कुमार की रिपोर्ट
Katihar Power Outage: कटिहार में रात करीब 09:00 बजे शहर के व्यस्त बुलेट शोरूम के समीप से गुजर रही 33 केवी (KV) की मुख्य हाईटेंशन विद्युत आपूर्ति लाइन का तार अचानक टूटकर जमीन पर आ गिरा. तार टूटते ही मिरचाईबाडी मुख्य ग्रिड से जुड़े कई सब-स्टेशनों और फीडरों की बिजली पूरी तरह ठप हो गई. भीषण गर्मी और चिपचिपी उमस के बीच अचानक हुए इस ‘ब्लैकआउट’ से उपभोक्ताओं का जीना मुहाल हो गया. हालांकि, सूचना मिलते ही विद्युत विभाग की तकनीकी टीम ने मोर्चा संभाला और करीब 5 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद देर रात 02:00 बजे बिजली बहाल करने में सफलता पाई.
टीवी टावर, मेडिकल रोड सहित कोढ़ा-बरारी फीडर रहे पूरी तरह ठप
- अंधेरे में डूबे दर्जनों मोहल्ले: सहायक अभियंता (विद्युत) आशुतोष कुमार के अनुसार, इस ब्रेकडाउन के कारण मिर्चाईबारी पीएसएस से जुड़े टीवी टावर, बीएमपी, भेड़िया रहिका, तेजटोला और मेडिकल रोड इलाकों में पूरी तरह अंधेरा छा गया. इसके अलावा ग्रामीण इलाकों को जोड़ने वाले कोढ़ा और बरारी फीडर भी पूरी तरह बंद हो गए.
- सड़कों पर टहलने को विवश हुए लोग: रात के समय घरों के भीतर उमस बढ़ने के कारण बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं छतों व सड़कों पर निकल आए. लंबे पावर कट की वजह से घरों में लगे इनवर्टर भी चंद घंटों में जवाब दे गए, जिससे लोगों की परेशानी दोगुनी हो गई.
आधी रात को गैंग और लाइनमैन की टीमों ने संभाला मोर्चा
सहायक अभियंता आशुतोष कुमार ने बताया कि अत्यधिक गर्मी और ओवरलोडिंग के कारण तारों में एक्सपेंशन (फैलाव) होता है, जिसके चलते बुलेट शोरूम के पास यह तकनीकी खराबी आई. चूंकि ग्रिड के पास फॉल्ट होने से एक बड़ा इलाका प्रभावित होता है, इसलिए इसे टॉप प्रायोरिटी पर लिया गया. रात में ही क्रेन, टेक्नीशियन, लाइनमैन और स्पेशल इमरजेंसी गैंग की कई टीमों को तैनात कर रात 02:00 बजे तक सभी फीडरों को एक-एक कर चालू कर दिया गया.
जर्जर तारों और गुणवत्ता को लेकर उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश
बिजली संकट से तंग आ चुके शहर के आम नागरिकों और व्यापारियों ने विद्युत विभाग की मेंटेनेंस व्यवस्था पर तीखे सवाल खड़े किए हैं.
- करोड़ों के खर्च पर उठाए सवाल: स्थानीय निवासी मनोज साह ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हर साल मानसून से पहले और जर्जर तार बदलने के नाम पर विभाग करोड़ों रुपये का बजट खर्च करता है. इसके बावजूद मामूली आंधी या गर्मी बढ़ते ही मुख्य लाइनें टूट जाती हैं, जो घटिया सामग्री और लापरवाही को दर्शाता है.
- व्यापार और स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित: व्यापारी संघ के सदस्य राजीव कुमार ने बताया कि रात 09:00 बजे बिजली गुल होने से बाजार का पूरा कारोबार ठप हो गया. सबसे ज्यादा परेशानी मेडिकल रोड पर स्थित निजी क्लीनिकों, नर्सिंग होम और पैथोलॉजी जांच केंद्रों में भर्ती मरीजों को झेलनी पड़ी.
Katihar Power Outage: मानसून से पहले सभी हाईटेंशन लाइनों की होगी विशेष जांच
उपभोक्ताओं के आक्रोश को देखते हुए बिजली विभाग के अधिकारियों ने सफाई दी है कि बदलते मौसम और 40 डिग्री से पार जा रहे पारे के कारण सिस्टम पर लोड अप्रत्याशित रूप से बढ़ जाता है. विभाग ने उपभोक्ताओं को भरोसा दिलाया है कि आगामी मानसूनी बारिश की शुरुआत से पहले जिले के सभी 33 केवी और 11 केवी के मुख्य तारों की पेट्रोलिंग (सघन जांच) की जाएगी. इसके साथ ही तारों के पास आने वाले पेड़ों की टहनियों की छंटाई का काम भी शुरू किया जा रहा है. विभाग ने अपील की है कि किसी भी प्रकार के फॉल्ट की जानकारी मिलते ही उपभोक्ता तुरंत सरकारी टोल-फ्री नंबर पर शिकायत दर्ज कराएं ताकि त्वरित कार्रवाई की जा सके.
