[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार कटिहार संकरी और जर्जर सड़क बनी जी का जंजाल: कटिहार के हाजीपुर में रोजाना जान जोखिम में डाल रहे स्कूली बच्चे

संकरी और जर्जर सड़क बनी जी का जंजाल: कटिहार के हाजीपुर में रोजाना जान जोखिम में डाल रहे स्कूली बच्चे

0
संकरी और जर्जर सड़क बनी जी का जंजाल: कटिहार के हाजीपुर में रोजाना जान जोखिम में डाल रहे स्कूली बच्चे
सकरी और जर्जर सड़क
कटिहार से सरोज कुमार की रिपोर्ट

Road Infrastructure: कटिहार के हाजीपुर स्थित न्यू पैटर्न इंटरनेशनल स्कूल से लेकर कटिहार-हाजीपुर-गेड़ाबाड़ी मुख्य मार्ग को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण उप-सड़क विकास के दावों की पोल खोल रही है. यह संकरी और जर्जर हो चुकी सड़क वर्षों से मोहल्लेवासियों के लिए जी का जंजाल बनी हुई है. इस मार्ग पर उड़ती धूल, गहरे गड्ढे और कम चौड़ाई के कारण आए दिन छोटी-बड़ी दुर्घटनाएं होती रहती हैं. सबसे चिंताजनक स्थिति छोटे स्कूली बच्चों की है, जिन्हें हर सुबह-शाम इसी जानलेवा रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है. स्थानीय लोगों द्वारा कई बार गुहार लगाए जाने के बावजूद, नगर निगम प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधि इस गंभीर समस्या पर पूरी तरह मूकदर्शक बने हुए हैं.

2500 की आबादी प्रभावित; जाम और दुर्घटना को दावत दे रही है सड़क

  • महत्वपूर्ण संस्थान: इसी मोहल्ले में ऑल बिहार शेरशाहवादी एसोसिएशन का मुख्य कार्यालय और सीबीएसई (CBSE) से मान्यता प्राप्त टेन प्लस टू (+2) विद्यालय ‘न्यू पैटर्न इंटरनेशनल स्कूल’ संचालित है.
  • बड़ी आबादी पर संकट: प्राइवेट स्कूल्स एंड चिल्ड्रेन वेलफेयर एसोसिएशन कटिहार के जिलाध्यक्ष सह विद्यालय के चेयरमैन नूर मोहम्मद आजाद, मो. तौफिक, मो. शाहीद, शामी अख्तर, नूरूल, रजमत अली और मुश्ताक समेत दर्जनों प्रबुद्ध नागरिकों ने बताया कि करीब 2500 की आबादी अपनी दैनिक आवश्यकताओं के लिए इसी एकमात्र रास्ते पर निर्भर है.
  • घंटों लगता है जाम: सड़क की चौड़ाई इतनी कम है कि यदि सामने से कोई चार पहिया वाहन या स्कूल वैन आ जाए, तो दूसरी तरफ से आने वाले दोपहिया वाहनों और पैदल चल रहे बच्चों के लिए रास्ता पूरी तरह ब्लॉक हो जाता है. इस वजह से यहां सुबह और दोपहर के वक्त भीषण जाम की स्थिति उत्पन्न हो जाती है.

दोनों तरफ 50 फीट सरकारी जमीन है उपलब्ध, फिर भी चौड़ीकरण पर नहीं हो रही पहल

मोहल्लेवासियों ने तकनीकी तथ्य साझा करते हुए बताया कि इस पूरी सड़क की लंबाई लगभग 360 मीटर है, जो सीधे गेड़ाबाड़ी मुख्य मार्ग में जाकर मिलती है. सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि सड़क के दोनों किनारों पर लगभग 50 फीट सरकारी (अतिक्रमण मुक्त) भूमि खाली पड़ी है, जिसका उपयोग सड़क को फोर-लेन या कम से कम दो-लेन चौड़ा करने के लिए आसानी से किया जा सकता है.

ग्रामीणों ने इस संबंध में कटिहार के सांसद, सांसद प्रतिनिधि और जिला स्तरीय प्रशासनिक पदाधिकारियों को कई बार लिखित शिकायतें और नक्शे सौंपे हैं. इतना ही नहीं, स्थानीय लोगों ने पूर्व उपमुख्यमंत्री सह वर्तमान सदर विधायक तारकिशोर प्रसाद को भी उनके आवास पर जाकर एक मांग पत्र सौंपा था, लेकिन आश्वासनों के सिवाय धरातल पर अब तक कोई ठोस बजटीय आवंटन या प्रशासनिक पहल दिखाई नहीं दी है.

बरसात में ‘नारकीय’ हो जाते हैं हालात; अभिभावकों को सताता है अनहोनी का डर

जब तक बच्चे स्कूल से सही-सलामत घर वापस नहीं लौट आते, तब तक मन में किसी अनहोनी का डर बना रहता है. हल्की बारिश में ही यह पूरी सड़क तालाब और कीचड़ के दलदल में तब्दील हो जाती है. स्थानीय निवासियों का कहना है कि वर्तमान में सूखी सड़क के गड्ढे तो जैसे-तैसे पार हो जाते हैं, लेकिन मानसून के दस्तक देते ही इस पूरे इलाके की स्थिति नारकीय हो जाती है. जलजमाव के कारण सड़क के जानलेवा गड्ढे पानी में छिप जाते हैं, जिसमें गिरकर कई बार साइकिल और बाइक सवार चोटिल हो चुके हैं. वार्ड नंबर 9 के आक्रोशित मोहल्लेवासियों ने जिला प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि जनहित और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए उपलब्ध सरकारी जमीन का उपयोग कर सड़क का अविलंब चौड़ीकरण किया जाए और पक्की सड़क का निर्माण कराया जाए, अन्यथा वे नगर निगम कार्यालय के समक्ष शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे.

कटिहार की ख़बरों को पढने के लिए क्लिक करें !

Previous article Suzuki Access 125 लेने का कर रहे प्लान? शोरूम जाने से पहले ये 5 बातें जरूर जान लें
Next article कैमूर में आपसी विवाद ने लिया हिंसक रूप, दो पक्षों की झड़प में 5 लोगों की हालत गंभीर
Avatar Of Divyanshu Prashant
दिव्यांशु प्रशांत वर्तमान में Prabhat Khabar डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। उन्होंने महात्मा गाँधी अंतर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा से पत्रकारिता में परास्नातक तथा टी. एन. बी. कॉलेज भागलपुर से हिंदी साहित्य में स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। हिंदी साहित्य की पृष्ठभूमि होने के कारण उन्हें पढ़ने, लेखन और कविता-सृजन में विशेष रुचि है। मीडिया क्षेत्र में लगभग एक वर्ष के अनुभव के दौरान वे Dainik Jagran में न्यूज़ राइटर और रिपोर्टर के रूप में कार्य कर चुके हैं। करियर के शुरुआती दौर में लोकसभा और विधानसभा चुनावों से जुड़े पॉलिटिकल कंटेंट राइटिंग का विशेष अनुभव प्राप्त किया। सटीक, निष्पक्ष और प्रभावशाली लेखन के माध्यम से पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुँचाना उनकी पेशेवर पहचान है।
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel