[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार जमुई जीतझिंगोई में काबू में आया डायरिया, पिछले 24 घंटे में एक भी नया मरीज नहीं

जीतझिंगोई में काबू में आया डायरिया, पिछले 24 घंटे में एक भी नया मरीज नहीं

0
जीतझिंगोई में काबू में आया डायरिया, पिछले 24 घंटे में एक भी नया मरीज नहीं

खैरा. जीतझिंगोई गांव में पिछले कुछ समय से चला आ रहा अब हालात काबू में आते दिख रहे हैं. पिछले 24 घंटे में गांव में डायरिया का कोई नया मामला सामने नहीं आया है, जिससे स्थिति में सुधार हुआ है. गौरतलब है कि इस गांव में डायरिया का प्रकोप सामने आने के बाद यहां चार लोगों की मौत हो गयी थी. बीते शुक्रवार को सिविल सर्जन डॉ. कुमार महेंद्र प्रताप ने तत्काल एक मेडिकल टीम को गांव में तैनात किया. उन्होंने खुद गांव का दौरा किया और डायरिया से पीड़ित लोगों से मुलाकात की. गंभीर रूप से बीमार मरीजों को एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल में भर्ती कराया गया. इसके बाद से ही मेडिकल टीम गांव में कैम्प कर रही है और गांव की हर स्थिति पर नजर बनाये हुए हैं. स्वास्थ्य कर्मियों ने गांव में ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव किया और साफ-सफाई की भी विस्तृत व्यवस्था की. ये कदम डायरिया के प्रसार को रोकने में सहायक साबित हुए. डॉ. कुमार महेंद्र प्रताप ने पहले ही दिन कह दिया था कि गांव के किसी भी मरीज की देखभाल में कोई कमी नहीं की जायेगी और बेहतर इलाज की पूरी व्यवस्था की जायेगी.

ग्रामीणों ने ली राहत की सांस, अब भी कई लोगों का चल रहा है इलाज

गांव में डायरिया के नये मामले न आने से ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है. पहले डायरिया के प्रकोप से लोग इतने भयभीत थे कि गांव में मातम का माहौल बन गया था. लेकिन अब, जब पिछले 24 घंटे में कोई नया मामला सामने नहीं आया है, तो लोगों में आशा की किरण जगी है. गौरतलब है कि ग्रामीणों में पहले स्थानीय प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के गांव में नहीं पहुंचने के कारण रोष था, लेकिन सिविल सर्जन के आश्वासन और मेडिकल टीम की मेहनत ने इस स्थिति को काफी हद तक सुधार दिया है. गांव में अब साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था की जा रही है, जिससे आने वाले समय में डायरिया जैसी बीमारियों का प्रकोप फिर से न हो. हालांकि स्थिति सामान्य होती दिख रही है, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने एहतियात बरतते हुए अपनी टीम को गांव में तैनात रखा है. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए वे पूरी तरह तैयार हैं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel