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Home बिहार हाजीपुर जिले में अब तक 35 बेसहारा बच्चों को मिला अपना परिवार, पांच बच्चे रह रहे विशिष्ट दत्तक ग्रहण केंद्र में

जिले में अब तक 35 बेसहारा बच्चों को मिला अपना परिवार, पांच बच्चे रह रहे विशिष्ट दत्तक ग्रहण केंद्र में

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जिले में अब तक 35 बेसहारा बच्चों को मिला अपना परिवार, पांच बच्चे रह रहे विशिष्ट दत्तक ग्रहण केंद्र में

वैशाली जिले में बच्चों के अधिकारों के संरक्षण को लेकर किये जा रहे कार्यों की शनिवार को डीएम यशपाल मीणा ने समीक्षा की. इस दौरान उन्होंने जिला बाल संरक्षण इकाई एवं श्रम अधीक्षक कार्यालय की भी समीक्षा की. समीक्षा के दौरान बताया गया कि सहायक निदेशक जिला बाल संरक्षण इकाई वैशाली ने बताया जिले में 0-छह वर्ष के बच्चों के संरक्षण के लिए विशिष्ट दत्तक ग्रहण संस्थान संचालित है. वहां वर्तमान में दो बालक एवं तीन बालिकाएं आवासित है. अब तक कुल 35 बच्चों का दत्तक ग्रहण दिया जा चुका है और 53 बच्चों को उनके परिवार में पुनर्स्थापित किया गया है. गृह में आवासित विशेष आवश्यकता वाली बालिका का इलाज एम्स पटना में चल रहा है. डीएम ने निर्देश दिया कि बालिका का इलाज सुचारु ढंग से कराया जाये. परवरिश योजना के संबंध में सहायक निदेशक ने बताया गया कि वर्तमान में कुल 610 लाभुकों को योजना का लाभ दिया जा रहा है. मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना में अब तक 52373 आवेदनों का निष्पादन किया जा चुका है. स्पांशरशिप योजना में वर्तमान में लाभुकों की संख्या 32 है. ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों को परिचय पत्र जारी करने से संबंधित समीक्षा में पाया गया कि अब तक 06 व्यक्तियों ने आनलाइन आवेदन दिया है, जिन्हें जिलाधिकारी के स्तर से परिचय पत्र उपलब्ध करा दिया गया है. जिले में अब तक 479 बाल श्रमिक बाल श्रम से मुक्त कराये गये हैं, जिनमें से 348 लोगों को एनटाइटलमेंट कार्ड उपलब्ध करा दिया गया है. डीएम ने कार्यालय द्वारा संचालित सभी योजनाओं का प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया, ताकि अधिक से अधिक लाभुकों को योजना का लाभ मिल सके. समीक्षा बैठक में पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) सह नोडल पदाधिकारी विशेष किशोर पुलिस इकाई, वैशाली अबू जफर, श्रम अधीक्षक शशि कुमार सक्सेना, सहायक निदेशक बाल संरक्षण विनोद कुमार ठाकुर, जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (आइसीडीएस) सह अध्यक्ष बाल कल्याण समिति ललिता कुमारी तथा सभी प्रखंडों के श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी उपस्थित थे.

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