120 किलो वजन और चार पुराने ऑपरेशन के बावजूद फोर्ड हॉस्पिटल में सफल लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

Ford Hospital: 120 किलोग्राम वजन और पेट के चार पुराने ऑपरेशन के बावजूद पटना की 41 वर्षीय महिला की फोर्ड हॉस्पिटल में जटिल लेप्रोस्कोपिक (दूरबीन) सर्जरी सफलतापूर्वक की गई। गर्भाशय में फाइब्रॉयड की समस्या से जूझ रही मरीज का ऑपरेशन विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने किया। चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद सर्जरी सफल रही और मरीज को स्वस्थ होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

By Pritish Sahay | June 12, 2026 11:15 AM

Ford Hospital: पटना के रहने वाली 41 साल की एक महिला मरीज शोभा कुमारी (बदला हुआ नाम) की फोर्ड हॉस्पिटल में जटिल लेप्रोस्कोपिक (दूरबीन) सर्जरी सफलतापूर्वक की गई. मरीज का वजन 120 किलोग्राम था और इससे पहले उनके पेट के चार ऑपरेशन हो चुके थे, जिसके कारण सर्जरी चिकित्सकों के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई थी.

जांच में मरीज के गर्भाशय में फाइब्रॉयड (फाइब्रॉयड यूटेरस) पाया गया था. इसके बाद स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. अनिता सिंह, डॉ. जागृति भारद्वाज और डॉ. प्रभात रंजन की टीम ने दूरबीन विधि से ऑपरेशन किया. अब वह स्वस्थ हैं और उन्हें
हॉस्पिटल से डिस्चार्ज कर दिया गया है.

स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. जागृति भारद्वाज ने बताया कि मरीज की तीन बार सीजेरियन डिलीवरी के लिए सर्जरी हो चुकी थी. इसके अलावा एक बार ओवेरियन सिस्ट का ऑपरेशन भी कराया गया था. कई बार सर्जरी होने के कारण सर्जरी काफी जटिलथी.

उन्होंने बताया कि तमाम चुनौतियों के बावजूद सर्जरी सफल रही. दूरबीन तकनीक के उपयोग से मरीज को कम दर्द हुआ और रक्तस्राव भी अपेक्षाकृत कम हुआ . इस तकनीक से मरीज की रिकवरी भी तेजी से होती है.