[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home बिहार दरभंगा Darbhanga News: समय पर समुचित उपचार नहीं होने से जानलेवा हो सकती टीबी की बीमारी

Darbhanga News: समय पर समुचित उपचार नहीं होने से जानलेवा हो सकती टीबी की बीमारी

0
Darbhanga News: समय पर समुचित उपचार नहीं होने से जानलेवा हो सकती टीबी की बीमारी

Darbhanga News: हायाघाट. स्वास्थ्य विभाग द्वारा वर्ल्ड विजन इंडिया के सहयोग से टीबी स्क्रीनिंग के लिए मंगलवार को श्रीरामपुर पंचायत भवन पर स्वास्थ्य शिविर लगायी गयी. इसमें प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ ललित कुमार लाल ने कहा कि टीबी बैक्टीरिया के कारण होने वाली बीमारी है. इसके लक्षण सामान्य तौर पर लोगों को जल्द दिखाई नहीं देते. ज्यादा संक्रमित होने पर लगातार खांसी होना, खांसी के साथ मुंह से खून निकलना, बुखार होना, वजन कम होना, रात में पसीना आना आदि टीबी के लक्षण हो सकते हैं. वहीं स्वास्थ्य प्रबंधक श्यामनारायण यादव ने कहा यह बीमारी ग्रसित व्यक्ति के फेफड़ों को मुख्य रूप से प्रभावित करता है. समय पर इसकी पहचान कर आवश्यक इलाज नहीं किया गया तो यह जानलेवा साबित हो सकता है. वर्ल्ड विजन इंडिया के जिला पर्यवेक्षक प्रवीण कुमार ने कहा कि इससे संबंधित मरीजों को चिकित्सकों से आवश्यक जांच कराते हुए चिकित्सकीय सहायता लेने की जानकारी उपलब्ध करायी जाती है. शिविर में श्रीरामपुर समेत आसपास के गांवों के 202 लोगों की टीबी स्क्रीनिंग के साथ-साथ अन्य स्वास्थ्य जांच की गयी व आवश्यकतानुसार दवा दी गयी. मौके पर स्थानीय मुखिया बबलू ठाकुर, बीसीएम वेद प्रकाश, वर्ल्ड विजन इंडिया के जिला पर्यवेक्षक जितेंद्र कुमार गुप्ता, एक्स-रे ऑपरेटर मो. हसनैन, सामुदायिक समन्वयक प्रवीण कुमार, दिलीप कुमार सहनी, एसटीएस राजीव कुमार साह, एलटी मनोज कुमार, रत्नेश चंद्र आदि मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel