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Home बिहार दरभंगा Darbhanga News: छात्र-छात्राओं को दी गयी संगीत शास्त्र और राग परंपरा की जानकारी

Darbhanga News: छात्र-छात्राओं को दी गयी संगीत शास्त्र और राग परंपरा की जानकारी

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Darbhanga News: छात्र-छात्राओं को दी गयी संगीत शास्त्र और राग परंपरा की जानकारी

Darbhanga News: दरभंगा. विश्व संगीत दिवस पर ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के संगीत एवं नाट्य विभाग की ओर से आयोजित सात दिवसीय राष्ट्रीय संगीत कार्यशाला का समापन रविवार को हो गया. समापन समारोह पंडित समीर भालेराव के शिक्षण के साथ संपन्न हुआ. इसमें देश भर के प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया. अंतिम दिन संगीत शास्त्र और राग परंपरा विषय के उप- विषय के तहत ””””बिहार के विश्वविद्यालयों में संगीत शिक्षा और शिक्षकों का योगदान”””” भी समाहित किया गया था. ग्वालियर घराना के प्रसिद्ध गायक एवं गुरु पंडित समीर भालेराव ने कार्यशाला में संगीत की बारीकियों से परिचय कराया. कार्यशाला के अंतिम दिन प्रतिभागियों को सर्वप्रथम राग विलासखानी तोड़ी सिखाया. इसमें बड़ा ख्याल की बंदिश ””””नीके घुंघरिया””””, छोटा ख्याल की बंदिश ””””तज रे.अभिमान”””” (तीनताल) तथा ””””कोयलिया काहे करत पुकार”””” (तीनताल) थी. राग में अलाप, बढ़त इत्यादि को सिखाने के बाद अभ्यास कराते हुए सरगम ,पलटे और तानों को भी सिखाया. राग शुद्ध सारंग में छोटा ख्याल( तीनताल- मध्यलय) ”””” अब मोरी बात”””” को सिखाया और अभ्यास कराया. अंत में राग पहाड़ी के स्वरों को समझाते हुए मूर्छनाओं के द्वारा राग का विस्तार अन्य रागों के साथ करते हुए ”””” बातों बातों में बीती रात”””” दादरा की प्रस्तुति दी. तबला पर चंद्रमणि झा और हार्मोनियम पर ऋषभ कुमार झा थे. कार्यशाला आरंभ होने से पूर्व विभागीय छात्र-छात्राओं ने भी प्रस्तुति दी. ऋषभ कुमार झा, सुमन कुमार सिंह और चंद्र प्रकाश ने राग जोग का गायन किया. दूसरी प्रस्तुति हर्षवर्धन झा, प्रतीक कुमार झा, अमित कुमार झा और आर्यन भट्ट ने राग यमन के गायन से दी. धन्यवाद ज्ञापन विभागाध्यक्ष प्रो. लावण्य कीर्ति सिंह ””””काव्या”””” ने किया.

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