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विद्यालय रसोईया संघ मांगों को लेकर विस का करेगी घेराव

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विद्यालय रसोईया संघ मांगों को लेकर विस का करेगी घेराव

शेखपुरा. बिहार राज्य विद्यालय रसोईया संघ के बैनर तले जिले में कार्यरत स्कूली रसोईया अपनी मांगों को लेकर 24 जुलाई को विधानसभा के समक्ष प्रदर्शन करेंगे. इसको लेकर शेखपुरा टाउन हॉल के समीप स्कूली रसोइया की एक बैठक आयोजित किया गया. जिसकी अध्यक्षता एक्टू के जिला संयोजक कमलेश प्रसाद ने किया. इस बैठक में दर्जनों स्कूली रसोईया शामिल हुई. इस संबंध में जानकारी देते हुए एक्टू के जिला संयोजक में बताया कि सरकार स्कूली रसोइयों के साथ भेदभाव कर रही है. उन्होंने कहा कि स्कूली रसोइयों को मानदेय के नाम पर मात्र 1650 रुपये दिए जा रहे हैं. जो न्यूनतम मजदूरी के नियमों का भी उल्लंघन है. उन्होंने कहा कि हद तो यह है कि साल भर में 11 महीने का ही मानदेय दिया जाता है. वही सबसे दुखद पहलू यह है कि बेहद कम पैसे में रसोईया के काम करने वाली ज्यादातर महिलाएं हैं. इन महिलाओं को मातृत्व अवकाश भी नहीं दिया जाता है. स्कूलों में साफ़ –सफाई से लेकर घंटी बजाने सहित अन्य काम उनसे लिए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि बिहार में मात्र 1650 रुपया मानदेय दिया जा रहा है और 2020 के बाद इसमें कोई भी वृद्धि नहीं की गई है .वही, तमिलनाडु में स्कूली रसोइयों को 10,083 रुपया, लक्षदीप में 9500, पुडुचेरी में 9000, केरल में 76 00, हरियाणा में 7000, मध्य प्रदेश में 4000 ,उड़ीसा, आंध्रप्रदेश,पंजाब में 3000 और हिमाचल में 2800, झारखंड में 2000 दिया जाता है. हरियाणा और मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव से पहले बढ़ाया गया. बिहार में लगातार आंदोलन करने के बाद भी कोई वृद्धि नहीं की गई है. 30 नवंबर 2023 से शुरू होने वाली हड़ताल को हमने तत्कालीन शिक्षा मंत्री के मध्यान भोजन योजना के निदेशक के आश्वासन पर स्थगित कर दिया. लेकिन, मुख्यमंत्री जी पुनः पाला बदलकर बीजेपी के साथ सरकार बना लिए और फिर चुनाव आचार संहिता लग गई. चुनाव पूर्व कई कर्मियों का मानदेय बढ़ाया गया था. लेकिन, रसोइयों के साथ दोयम दर्जे का व्यवहार किया गया. इसी को लेकर 24 जुलाई को विधानसभा के समक्ष प्रदर्शन कर इस संघर्ष की शुरुआत करेंगे. बिहार विधानसभा के समक्ष स्कूली रसोईया प्रदर्शन करेंगे .बैठक में ज्यादा से ज्यादा रसोइयों को प्रदर्शन में भाग लेने की अपील की गई है.इस बैठक में भाकपा माले नेता राजेश राय,रूबी देवी, मोनी कुमारी, गीता देवी सहित अन्य लोग मौजूद थे.

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