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Home बिहार भागलपुर Bhagalpur news प्रेम से ही भगवान होते हैं भक्तों के अधीन : स्वामी सुबोधानंद

Bhagalpur news प्रेम से ही भगवान होते हैं भक्तों के अधीन : स्वामी सुबोधानंद

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प्रेम से ही भगवान भक्तों के अधीन होते हैं. मानव जीवन में प्रेम से बढ़ कर कुछ नहीं है. उक्त उद्गार हरिद्वार से पधारे कथावाचक स्वामी सुबोधानंद जी महाराज ने नयी दुर्गा मंदिर प्रांगण में आयोजित श्रीमद्भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ के छठे दिन मंगलवार को व्यक्त किये. संत पथिक सेवा समिति की ओर से आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा महायज्ञ के दौरान स्वामी सुबोधानंद जी महाराज ने रासलीला का विस्तृत और आध्यात्मिक वर्णन करते हुए कहा कि रासलीला काम-विजय की लीला है, जिसमें भगवान श्रीकृष्ण के साथ व्रज की गोपियां प्रेम की जीवंत प्रतिमाएं हैं. इसी दिव्य लीला के दर्शन के लिए भगवान शिव भी स्त्री-वेश धारण कर रासलीला में पहुंचे थे. शुद्ध हृदय से की गयी भक्ति से ही भगवान प्रसन्न होते हैं. कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण के विवाह प्रसंग का भी भावपूर्ण वर्णन किया गया. स्वामी जी ने कृष्ण-रुक्मिणी विवाह का संगीतमय प्रस्तुतीकरण किया. आज मेरे घनश्याम की शादी है, मेरे भगवान की शादी है…जैसे भजनों पर पूरा कथा प्रांगण भक्ति भाव में झूम उठा. श्रद्धालु भावविभोर होकर भजन-कीर्तन में लीन नजर आए. कथावाचक ने कहा कि स्त्री को पतिव्रता होना चाहिए, भक्त जब सर्वस्व भगवान को अर्पित कर देता है, तो ईश्वर उसके सभी कष्ट हर लेते हैं. जीवात्मा और परमात्मा के मिलन की आध्यात्मिक चेतना को समझने का सौभाग्य केवल मनुष्य को ही प्राप्त है. रासलीला दमित कामवासना का नाश करती है, इसी कारण संतों ने इसे काम-विजय लीला कहा है. श्रद्धा और विश्वासपूर्वक रासलीला का श्रवण करने से काम-विकार समाप्त हो जाते हैं और हृदय शुद्ध होकर परमानंद से भर जाता है. कथा के दौरान कंस वध, उद्धव-गोपी संवाद, द्वारिकापुरी निर्माण और रुक्मिणी-कृष्ण विवाह जैसे प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया. रुक्मिणी-कृष्ण विवाह की मनोहारी झांकी ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया. मौके पर सुलतानगंज विधायक प्रो ललित नारायण मंडल भी कथा स्थल पर पहुंचे और स्वामी सुबोधानंद जी महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया. समिति के त्रिवेणी शर्मा ने बताया कि कथा का समापन बुधवार को होगा. गुरुवार को सामूहिक हवन किया जायेगा. आयोजन की सफलता में त्रिवेणी शर्मा, कपिलकांत, अरुण कुमार चौधरी, भीम मोदी, वासुदेव रामुका सहित कई गणमान्य लोग सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं.

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