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Home बिहार भागलपुर मधुश्रावणी आज से, अमर सुहाग के लिए 14 दिनों तक व्रत करेंगी नवविवाहिताएं

मधुश्रावणी आज से, अमर सुहाग के लिए 14 दिनों तक व्रत करेंगी नवविवाहिताएं

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मधुश्रावणी आज से, अमर सुहाग के लिए 14 दिनों तक व्रत करेंगी नवविवाहिताएं

वरीय संवाददाता, भागलपुर

श्रावण मास के कृष्ण पक्ष पंचमी तिथि पर गुरुवार को मधुश्रावणी का शुभारंभ होगा, जो कि श्रावण मास के शुक्ल पक्ष तृतीया पर सात अगस्त को संपन्न होगा. मैथिल समाज की नवविवाहिताएं अमर सुहाग के लिए 14 दिनों तक व्रत रखेंगी. इसे लेकर घर से बाजार तक तैयारी पूरी कर ली गयी है.

इस व्रत में हरी साड़ी व हरी चूड़ी का विशेष महत्व है. सावन माह की पंचमी पर पूजन सामग्री को पूजन कक्ष में सजायेगी और विधि-विधान से पूजन करेगी. इसमें सबसे पहले स्नान ध्यान के बाद पूजन करने के लिए बैठेगी. एक पंडितायन विधि-विधान से पूजन करायेगी. पूजन स्थल पर मैनी (पुरइन, कमल का पत्ता) के पत्ते पर विभिन्न प्रकार की आकृतियां बनायी जायेगी.

भगवान शंकर व माता गौरी की होती है पूजा

पंडित आनंद मिश्रा ने बताया कि महादेव, गौरी, नाग-नागिन की प्रतिमा स्थापित कर एवं विभिन्न प्रकार के नैवेद्य चढ़ा कर पूजन होता है. आदमपुर के सुधांशु झा की बहन पूर्णिमा व्रत रखेंगी. सुधांशु ने बताया कि सात अगस्त को तृतीया के दिन आखिरी व्रत होगा. साथ ही बताया कि यह पूजन नवविवाहिता अमर सुहाग के लिए करती हैं. एक नैवेद्य भाई के लिए भी लगाया जाता है, पूजा संपन्न होने के बाद जो भाई बहन को बांह पकड़ कर उठाता उसे वह दी जाती है. प्रत्येक दिन अलग-अलग कथाओं में मैना पंचमी, विषहरी, बिहुला, मनसा, मंगला गौरी, पृथ्वी जन्म, समुद्र मंथन, सती की कथा व्रती को सुनायी जायेगी. प्रात:काल की पूजा में गोसाईं गीत एवं पावनी गीत गायी जायेगी, तो संध्या काल की पूजा में कोहबर तथा संझौती गीत गाये जायेंगे.

बॉक्स मैटर

बाजार में हरे परिधान व सौंदर्य प्रसाधन की धूम

मधुश्रावणी के मद्देनजर बाजार में हरे रंग के परिधान व सौंदर्य प्रसाधन की धूम है. कपड़ा व्यवसायी अरुण चोखानी ने बताया कि सावन में हरी साड़ियाें की बिक्री 30 फीसदी तक बढ़ जाती है. हरे रंग की सूती साड़ी 500 से 600 रुपये तक, सिंथैटिक साड़ियां 600 से 700, जरी वर्क व सिल्क साड़ियां 1000 से 2000 रुपये तक की अधिक खरीदारी हो रही है.

हरी चूड़ी-लहठी से गुलजार हुई दुकानें

लहठी दुकानदार बुलिया मनिहार ने बताया कि प्लेन लहठी 40 रुपये दर्जन मिल रहे हैं, इसे लहरिया लहठी भी कहा जाता है. महिलाओं को हरे रंग में चैन डिजाइन, थ्री पीस डिजाइन अधिक भा रहा है. ये 60 रुपये से लेकर 150 रुपये तक में मिलते हैं. हरे रंग का चूड़ा सेट 200 से 400 रुपये में उपलब्ध है. अधिकांश महिलाएं 250-300 रुपये का चूड़ा सेट खरीद रही हैं. इसमें स्टोन वर्क होता है, जो हरे रंग के साथ सुनहरा रंग भी मिक्स होता है. महिलाएं चूड़ा सेट अधिक खरीद रही हैं. चूड़ी दुकानदार मो सिकंदर ने बताया कि प्लेन चूड़ी प्रति डब्बा 20 रुपये में मिलती है. फैंसी चूड़ी 30 से 80 रुपये प्रति डब्बा तक आते हैं. स्टोन वर्क से फैंसी चूड़ी आकर्षित कर रही है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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