IND A vs SL A: वैभव सूर्यवंशी की तूफानी शुरुआत के बाद इंडिया-ए ने श्रीलंका-ए के खिलाफ फाइनल मुकाबले में अपनी स्थिति बेहद मजबूत कर ली है. 30 ओवर का खेल खत्म होने तक इंडिया-ए ने 3 विकेट खोकर 247 रन बना लिए हैं. शुरुआती ओवरों में वैभव के धमाके के बाद अब कप्तान तिलक वर्मा ने पारी को बखूबी संभाला हुआ है. तिलक वर्मा 74 गेंदों में 52 रन बनाकर क्रीज पर जमे हुए हैं, जो टीम को एक विशाल स्कोर की ओर ले जा रहे हैं. उनका साथ देने के लिए विकेटकीपर बल्लेबाज कुमार कुशाग्र भी मैदान पर मौजूद हैं.
94 रन बनाकर आउट हुए सूर्यवंशी
भारत-ए और श्रीलंका-ए के बीच मुकाबले में सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी 94 रन बनाकर पवेलियन लौट गए हैं. उन्होंने अपनी पारी में बेहद आक्रामक रुख अपनाते हुए सिर्फ 29 गेंदे खेलीं और 10 चौके व 8 छक्के लगाए. उन्हें श्रीलंकाई कप्तान सहान अरच्चिगे ने आउट कर अपनी टीम को पहली सफलता दिलाई. अरच्चिगे की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने के चक्कर में सूर्यवंशी मिसटाइम कर बैठे और मिड-ऑफ पर विजयकांत वियासकांत ने उनका कैच पकड़ लिया.
Aand he finishes on 94 off 29!
— Cricbuzz (@cricbuzz) June 21, 2026
No century, but it was still an incredible batting show with 10 fours, 8 sixes and a strike rate of 324.14 💥💥💥 https://t.co/9Bmpc3KOru pic.twitter.com/jVAE2NQjSo
कौशल्य वीरात्ने का रिकॉर्ड टूटा
वैभव से पहले 50-ओवर क्रिकेट के इतिहास में सबसे तेज अर्धशतक लगाने का रिकॉर्ड श्रीलंका के कौशल्य वीरात्ने के नाम था. वीरात्ने ने साल 2006 में रागामा क्रिकेट क्लब के लिए खेलते हुए 12 गेंदों पर फिफ्टी जड़ी थी. वैभव ने अब उन्हें पीछे छोड़ते हुए इस रिकॉर्ड को अपने नाम कर लिया है.
समझें लिस्ट-ए और वनडे का फर्क
सीनियर लेवल पर 50 ओवर के क्रिकेट को मुख्य रूप से दो भागों में बांटा जाता है— लिस्ट-ए और वन-डे इंटरनेशनल. हर वनडे मैच तकनीकी रूप से एक लिस्ट-ए मैच भी होता है. लेकिन घरेलू या ए-टीम्स के 50-ओवर के मैचों को सिर्फ लिस्ट-ए का दर्जा मिलता है. वैभव ने यह कारनामा लिस्ट-ए क्रिकेट में किया है.
वैभव सूर्यवंशी ने रच दिया इतिहास
ट्राई नेशन सीरीज के फाइनल मुकाबले में भारतीय सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने महज 11 गेंदों में अर्धशतक जड़कर क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया है. वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक लगाने का रिकॉर्ड दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान एबी डिविलियर्स (16 गेंद, साल 2015) के नाम दर्ज है. सूर्यवंशी ने भले ही डिविलियर्स से 5 गेंदें कम ली हैं, लेकिन इंडिया-ए के मैचों को अंतरराष्ट्रीय दर्जा न मिलने के कारण इस पारी को आधिकारिक इंटरनेशनल रिकॉर्ड में जगह नहीं मिलेगी. हालांकि, इस युवा खिलाड़ी ने अपनी टाइमिंग और आक्रामकता से यह साबित कर दिया है कि वे बड़े मंच के खिलाड़ी हैं.
🚨 Toss 🚨
— BCCI (@BCCI) June 21, 2026
Sri Lanka A have won the toss and elected to bowl first in the Final of the #TriNationSeries
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भारतीय टीम में एक बदलाव
भारतीय कप्तान तिलक वर्मा ने टॉस के दौरान कहा कि वे भी पहले बल्लेबाजी ही करना चाहते थे. उन्होंने पिच के मिजाज को देखते हुए 300 रन के स्कोर को अच्छा माना है. टीम कॉम्बिनेशन की बात करें तो फाइनल के लिए भारतीय टीम में एक बदलाव करते हुए अशोक शर्मा को प्लेइंग इलेवन में जगह दी गई है. भारतीय टीम आज तीन स्पिनरों और तीन तेज गेंदबाजों के मजबूत गेंदबाजी आक्रमण के साथ मैदान पर उतरी है.
चेज करना चाहती है श्रीलंकाई टीम
खिताबी मुकाबले में श्रीलंका-ए के कप्तान सहान अराच्चिगे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला लिया. टॉस के वक्त कप्तान ने अपनी रणनीति साफ करते हुए कहा कि दांबुला के मैदान पर शाम के वक्त बल्लेबाजी करना काफी आसान हो जाता है, यही वजह है कि उनकी टीम लक्ष्य का पीछा करना ज्यादा पसंद करेगी. खिताबी भिड़ंत के लिए श्रीलंकाई टीम ने अपनी प्लेइंग इलेवन में एक बदलाव करते हुए मोहम्मद शिराज को शामिल किया है.
दोनों टीमों का प्लेइंग-11
भारत-ए: वैभव सूर्यवंशी, प्रियांश आर्या, ऋतुराज गायकवाड, तिलक वर्मा (कप्तान), कुमार कुशाग्र, सूर्यांश शेडगे, अनुकुल रॉय, निशांत सिंधु, विप्रज निगम, अशोक शर्मा, यश ठाकुर.
श्रीलंका-ए: निरोशन डिकवेला (विकेटकीपर), अविष्का फर्नांडो, रविंदु फर्नांडो, सदीरा समरविक्रमा, सहान अराच्चिगे (कप्तान), नुवानिदु फर्नांडो, वनुजा सहान, मोहम्मद शिराज, दुलाज समुधिता, विजयकांत वियासकांत, कुगाथस माथुलन.
विशेन हलामबागे से हुए विवाद के बाद चर्चा में हैं वैभव सूर्यवंशी
इस बड़े फाइनल मुकाबले से पहले भारतीय सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी सुर्खियों में बने हुए हैं. इसकी वजह 15 जून को लीग स्टेज के दौरान श्रीलंका-ए के खिलाफ हुआ एक विवाद है. सुपर ओवर में मिली हार के बाद श्रीलंकाई खिलाड़ी विशेन हलामबागे ने वैभव पर कुछ उकसाने वाली टिप्पणियां की थीं, जिससे नाराज होकर सूर्यवंशी ने उन्हें धक्का दे दिया था. मैदान पर हुई इस तीखी बहस के बाद आज दोनों टीमें और ये दोनों खिलाड़ी एक बार फिर खिताबी मुकाबले में एक-दूसरे के सामने हैं.
