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Home Religion भौमवती अमावस्या पर साल का पहला सूर्य ग्रहण, करें ये उपाय, जानें समय

भौमवती अमावस्या पर साल का पहला सूर्य ग्रहण, करें ये उपाय, जानें समय

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भौमवती अमावस्या पर साल का पहला सूर्य ग्रहण, करें ये उपाय, जानें समय
सूर्य ग्रहण (एआई निर्मित तस्वीर)

Surya Grahan 2026: साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण 17 फरवरी, मंगलवार को लगेगा. खास बात यह है कि यह ग्रहण भौमवती अमावस्या के दिन पड़ रहा है, जिसके कारण धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से इसे बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है.  

कुंभ राशि में ‘पंचग्रही’ हलचल

ज्योतिषाचार्य दीप्ति शर्मा के अनुसार,  यह सूर्य ग्रहण कुंभ राशि और धनिष्ठा नक्षत्र में घटित होगा. इस दौरान सूर्य के साथ राहु, बुध, शुक्र और चंद्रमा भी कुंभ राशि में स्थित रहेंगे. ज्योतिष शास्त्र में सूर्य और राहु की युति को ग्रहण योग कहा जाता है, जिसे पारंपरिक रूप से कुछ अशुभ प्रभावों से जोड़ा जाता है. हालांकि इसका असर व्यक्ति की कुंडली और अन्य ग्रह स्थितियों पर भी निर्भर करता है.

भौमवती अमावस्या और सूर्य ग्रहण के संयोग पर करें ये उपाय

  1. कर्ज मुक्ति के लिए: हनुमान जी के मंदिर में त्रिकोणीय लाल झंडा अर्पित करें. इससे यश की प्राप्ति होती है और शत्रुओं पर विजय मिलती है.
  2. आर्थिक लाभ हेतु: शिवलिंग पर काले तिल और गुड़ अर्पित करें. यह उपाय पितृ दोष और दुर्घटनाओं से रक्षा करता है.
  3. मनोकामना पूर्ति: केले के पत्ते पर हल्दी से अपनी इच्छा लिखकर गणेश मंदिर में चढ़ाएं. इससे रुके हुए कार्य और मकान बनने के योग बनते हैं.

कैसा होगा यह सूर्य ग्रहण?

खगोल विज्ञान के अनुसार, यह एक वलयाकार (Annular) सूर्य ग्रहण होगा. इस स्थिति में चंद्रमा सूर्य के मध्य भाग को पूरी तरह से ढक लेता है, जिससे सूर्य के किनारे किसी चमकदार कंगन या अंगूठी की तरह दिखाई देते हैं. इस अद्भुत दृश्य को ‘रिंग ऑफ फायर’ कहा जाता है.

क्या भारत में दिखेगा ग्रहण?

भारतीय स्काइवॉचर्स के लिए थोड़ी निराशाजनक खबर है. यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा. यह मुख्य रूप से अंटार्कटिका, दक्षिण अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में ही नजर आएगा. चूँकि भारत में यह दृश्य नहीं है, इसलिए यहाँ सूतक काल मान्य नहीं होगा. मंदिर के कपाट बंद नहीं होंगे और सभी धार्मिक कार्य सामान्य रूप से किए जा सकेंगे.

सूर्य ग्रहण का समय (भारतीय समयानुसार)

घटनासमय
ग्रहण का प्रारंभदोपहर 3 बजकर 26 मिनट
मध्य (पीक)शाम 5 बजकर 42 मिनट
ग्रहण की समाप्तिरात 7 बजकर 57 मिनट
कुल अवधि4 घंटे 32 मिनट

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नेहा कुमारी प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. वे धर्म, ज्योतिष, राशिफल, व्रत-त्योहार, पौराणिक कथाओं और भारतीय संस्कृति से जुड़े विषयों पर लेखन करती हैं. उनकी विशेष रुचि धार्मिक परंपराओं, ज्योतिषीय विश्लेषण और दैनिक राशिफल को सरल, सटीक और पाठक-हितैषी भाषा में प्रस्तुत करने में है. नेहा का उद्देश्य पाठकों तक विश्वसनीय और उपयोगी जानकारी पहुंचाना है, ताकि वे धर्म, संस्कृति और ज्योतिष से जुड़े विषयों को आसानी से समझ सकें. उनकी लेखन शैली शोध-आधारित, सरल और स्पष्ट है, जो जटिल विषयों को भी सहज और रोचक बना देती है. वे राशिफल, ग्रह-गोचर, व्रत-त्योहार, धार्मिक मान्यताओं, वास्तु, पौराणिक प्रसंगों और भारतीय रीति-रिवाजों से संबंधित विषयों पर नियमित रूप से लेख लिखती हैं. डिजिटल पत्रकारिता में उनकी रुचि पाठकों की जरूरतों को समझते हुए जानकारीपूर्ण, SEO-अनुकूल और प्रभावी कंटेंट तैयार करने में है.
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