[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Religion नजरअंदाज न करें मकड़ी के जाले, बदल सकते हैं घर का माहौल

नजरअंदाज न करें मकड़ी के जाले, बदल सकते हैं घर का माहौल

0
नजरअंदाज न करें मकड़ी के जाले, बदल सकते हैं घर का माहौल
मकड़ी के जाले और घर की सफाई टिप्स

Spider Webs Vastu Effects: गर्मी शुरू होते ही घर के कोनों, दीवारों और छत पर मकड़ी के जाले ज्यादा नजर आने लगते हैं. इसकी वजह है गर्म और सूखा मौसम, जिसमें मकड़ियां जल्दी एक्टिव हो जाती हैं. वो ऐसे कोने ढूंढती हैं जहां ज्यादा हलचल न हो—जैसे छत के कोने, फर्नीचर के पीछे या स्टोर रूम. कई लोग इसे छोटी-मोटी गंदगी समझकर इग्नोर कर देते हैं, लेकिन बात सिर्फ सफाई तक सीमित नहीं है.

वास्तु के अनुसार क्या कहते हैं जाले?

वास्तु शास्त्र के हिसाब से मकड़ी के जाले सिर्फ गंदगी नहीं, बल्कि नेगेटिव एनर्जी का संकेत माने जाते हैं. पुराने समय से बड़े-बुजुर्ग भी यही कहते आए हैं कि घर में जाले होना अच्छा नहीं होता. माना जाता है कि जहां जाले जमा होते हैं, वहां रुकी हुई या भारी ऊर्जा भी जमा हो जाती है, जो धीरे-धीरे घर के माहौल को प्रभावित करती है.

बेडरूम में जाले: रिश्तों पर असर

अगर आपके बेडरूम में मकड़ी के जाले हैं, तो इसे हल्के में मत लीजिए. वास्तु के अनुसार, इससे पति-पत्नी के रिश्ते में तनाव बढ़ सकता है. छोटी-छोटी बातों पर झगड़े होने लगते हैं और रिश्तों की मिठास कम होने लगती है. यानी एक छोटा सा जाला भी आपके पर्सनल लाइफ पर असर डाल सकता है. इसलिए बेडरूम को साफ-सुथरा रखना बहुत जरूरी है.

घर के कोनों में जाले: पैसों से जुड़ी समस्या

अक्सर घर के ऊंचे कोनों में जाले लग जाते हैं, जिन्हें हम साफ करने में आलस कर देते हैं. लेकिन वास्तु के मुताबिक, ये जाले आर्थिक परेशानियों का संकेत हो सकते हैं. माना जाता है कि इससे धीरे-धीरे पैसों की तंगी बढ़ सकती है या खर्चे ज्यादा हो सकते हैं. इसलिए घर के हर कोने की सफाई समय-समय पर करना जरूरी है.

क्या करें? आसान उपाय

इसका सीधा सा समाधान है—नियमित सफाई. हफ्ते में एक-दो बार घर के कोनों, छत और फर्नीचर के पीछे जरूर देखें. जहां भी जाले दिखें, तुरंत साफ कर दें. इससे न सिर्फ घर साफ दिखेगा, बल्कि पॉजिटिव एनर्जी भी बनी रहेगी.

ये भी पढ़ें: मृतक की चीजें घर में रखें या दान करें? जानें गरुड पुराण के सही नियम

साफ घर, सुकून भरा माहौल

आखिर में बात इतनी सी है—साफ-सुथरा घर ही खुशहाल घर होता है. छोटे-छोटे जालों को नजरअंदाज करने की बजाय समय पर हटाना ही बेहतर है, ताकि घर में शांति और पॉजिटिविटी बनी रहे.

Previous article जमीन माफियाओं पर डीआईजी का एक्शन, एक सप्ताह में मांगी पलामू प्रमंडल के तीनों जिलों से रिपोर्ट
Next article AC में क्यों लगती है आग? 99% लोग करते हैं ये खतरनाक गलती
Avatar Of Shaurya Punj
शौर्य पुंज विशेष रूप से दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों एवं लेखों पर फोकस कर रहे हैं. वो डिजिटल मीडिया जगत के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. पाठकों की रुचि और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए वे सरल, सहज और तथ्यपूर्ण धार्मिक एवं ज्योतिषीय कंटेंट तैयार करते हैं. डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ शौर्य खबरों की नब्ज को समझने और जटिल विषयों को आसान भाषा में प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांस लेखन से की थी. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में कार्य करने का अवसर मिला और अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन में काम शुरू किया. यहां उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट और मनोरंजन जगत की प्रमुख खबरों पर लेखन किया. साल 2020 के दौरान उन्होंने लाइफस्टाइल, हेल्थ, एजुकेशन और अन्य नॉन-न्यूज कैटेगरी में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया. Health & Fitness, Beauty & Fashion, Relationship & Family, Food & Recipes, Travel, Astrology & Vastu, Career & Motivation, Festival & Culture जैसे विषयों पर उन्होंने सैकड़ों उपयोगी और जानकारीपूर्ण लेख तैयार किए. शिक्षा शौर्य पुंज का जन्म रांची, झारखंड में हुआ. उनकी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एंड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. (ऑनर्स) की डिग्री प्राप्त की. पत्रकारिता की उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें समाचार लेखन के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे के आधार पर तथ्यपूर्ण, संतुलित और प्रभावी कंटेंट तैयार करने में सक्षम बनाती है. विशेषज्ञता के क्षेत्र दैनिक राशिफल साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल ज्योतिषीय उपाय पूजा-पाठ एवं धार्मिक अनुष्ठान व्रत-त्योहार एवं शुभ मुहूर्त वास्तु शास्त्र धार्मिक मान्यताएं एवं परंपराएं लाइफस्टाइल एवं वेलनेस हेल्थ एवं फिटनेस डिजिटल कंटेंट राइटिंग एवं SEO पाठकों तक विश्वसनीय, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाना शौर्य पुंज की लेखन शैली की सबसे बड़ी विशेषता है.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel