[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Religion Grahan 2026: नए साल के ग्रहण की डेट जानने के साथ जानें ग्रह दोष शांत करने के आसान तरीके

Grahan 2026: नए साल के ग्रहण की डेट जानने के साथ जानें ग्रह दोष शांत करने के आसान तरीके

0
Grahan 2026: नए साल के ग्रहण की डेट जानने के साथ जानें ग्रह दोष शांत करने के आसान तरीके
ग्रहण के दौरान करें ये उपाय और मंत्र जाप

Grahan 2026: ज्योतिष शास्त्र में ग्रह और नक्षत्रों की तरह ग्रहण भी बेहद महत्वपूर्ण माने जाते हैं. जब सूर्य या चंद्रमा पर छाया पड़ती है, तो इसे सिर्फ खगोलीय घटना नहीं, बल्कि ऊर्जा में बदलाव का समय माना जाता है. कहा जाता है कि ग्रहण के दौरान वातावरण और व्यक्ति दोनों पर सूक्ष्म प्रभाव पड़ते हैं.

साल 2026 में कितने ग्रहण लगेंगे?

2025 की तरह ही 2026 में भी कुल चार ग्रहण लगेंगे—दो सूर्य ग्रहण और दो चंद्र ग्रहण. इसके अलावा, 2026 का साल एक और कारण से खास रहेगा—इस दौरान दुर्लभ ‘फुल ब्लड मून’ भी दिखाई देगा, जो चंद्रमा को गहरे लाल रंग में बदलते हुए देखने का अनोखा मौका देगा.

2025 में भी दो सूर्य और दो चंद्र ग्रहण लगे थे

पहला सूर्य ग्रहण 29 मार्च को और दूसरा 21 सितंबर को लगा, पर भारत में दिखाई नहीं दिया. पहला चंद्र ग्रहण 14 मार्च को और दूसरा 7 सितंबर को पड़ा. दूसरा चंद्र ग्रहण भारत सहित यूरोप, अमेरिका, न्यूजीलैंड, ऑस्ट्रेलिया और अफ्रीका में दिखाई दिया था. 2026 में भी इसी तरह ग्रहणों का सिलसिला रहेगा और इनमें से कुछ भारत में भी दिखाई दे सकते हैं, जिससे लोग आसानी से इसका अनुभव कर सकेंगे.

ग्रहण क्यों माना जाता है संवेदनशील समय?

ज्योतिष के अनुसार, ग्रहण के दौरान ऊर्जा में तेजी से बदलाव होता है. यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में ग्रह दोष हो, तो इस समय किए गए उपाय बेहद लाभकारी माने जाते हैं. ग्रहण का समय मन को शांत करने, नकारात्मकता कम करने और आध्यात्मिक ऊर्जा बढ़ाने का उत्तम अवसर माना जाता है.

ये भी पढें: अगले वर्ष इस दिन लगेगा साल का पहला ग्रहण, क्या बच्चों और बुजुर्गों को सूतक मानना चाहिए

ग्रहण के दौरान करें ये मंत्र जाप

ग्रह दोष शांत करने के लिए सबसे आसान और प्रभावशाली उपाय है—मंत्र जाप.

  • शनि दोष: “ॐ शं शनैश्चराय नमः”
  • राहु दोष: “ॐ राहवे नमः”
  • केतु दोष: “ॐ केतवे नमः”

नियमित जाप से मन शांत होता है और ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव कम होते हैं.

ग्रहण के दौरान करें ये दान

  • ग्रहण के समय किया गया दान कई गुना फल देता है.
  • शनि दोष: काला तिल, काला कपड़ा, लोहे की वस्तुएं
  • राहु-केतु दोष: नीले फूल, उड़द दाल, नारियल
  • ध्यान रखें, दान हमेशा जरूरतमंद व्यक्ति को ही दें.

ग्रहण के दौरान दीपक जलाना

सरसों या तिल के तेल का दीपक जलाने से माहौल में सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है और मानसिक तनाव कम होता है.

ग्रहण के दौरान ध्यान और प्रार्थना

10–15 मिनट का ध्यान मन को स्थिर करता है. भगवान शिव, भगवान विष्णु या अपने इष्टदेव का ध्यान करने से मानसिक शांति मिलती है और ग्रह दोष का असर भी कम होता है.

सूर्य को जल अर्पित करना

सुबह सूर्यदेव को जल चढ़ाना बेहद शुभ माना जाता है. हल्दी, लाल फूल या अक्षत मिलाने से ग्रहों की स्थिति संतुलित होती है और आत्मविश्वास बढ़ता है.

Previous article CM Nitish Shapath Grahan: जट-जटिन और झिझिया से बिखरेगी सांस्कृतिक छटा, मेहमानों को परोसा जायेगा लिट्टी-चोखा
Next article Bihar News: AC-किचन-ट्रीटेड वॉटर से लेकर हाई-क्वालिटी लाइटिंग तक, विधायकों के लिए बने नए 5-स्टार बंगले में क्या-क्या है खास
Avatar Of Shaurya Punj
शौर्य पुंज विशेष रूप से दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों एवं लेखों पर फोकस कर रहे हैं. वो डिजिटल मीडिया जगत के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. पाठकों की रुचि और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए वे सरल, सहज और तथ्यपूर्ण धार्मिक एवं ज्योतिषीय कंटेंट तैयार करते हैं. डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ शौर्य खबरों की नब्ज को समझने और जटिल विषयों को आसान भाषा में प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांस लेखन से की थी. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में कार्य करने का अवसर मिला और अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन में काम शुरू किया. यहां उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट और मनोरंजन जगत की प्रमुख खबरों पर लेखन किया. साल 2020 के दौरान उन्होंने लाइफस्टाइल, हेल्थ, एजुकेशन और अन्य नॉन-न्यूज कैटेगरी में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया. Health & Fitness, Beauty & Fashion, Relationship & Family, Food & Recipes, Travel, Astrology & Vastu, Career & Motivation, Festival & Culture जैसे विषयों पर उन्होंने सैकड़ों उपयोगी और जानकारीपूर्ण लेख तैयार किए. शिक्षा शौर्य पुंज का जन्म रांची, झारखंड में हुआ. उनकी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एंड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. (ऑनर्स) की डिग्री प्राप्त की. पत्रकारिता की उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें समाचार लेखन के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे के आधार पर तथ्यपूर्ण, संतुलित और प्रभावी कंटेंट तैयार करने में सक्षम बनाती है. विशेषज्ञता के क्षेत्र दैनिक राशिफल साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल ज्योतिषीय उपाय पूजा-पाठ एवं धार्मिक अनुष्ठान व्रत-त्योहार एवं शुभ मुहूर्त वास्तु शास्त्र धार्मिक मान्यताएं एवं परंपराएं लाइफस्टाइल एवं वेलनेस हेल्थ एवं फिटनेस डिजिटल कंटेंट राइटिंग एवं SEO पाठकों तक विश्वसनीय, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाना शौर्य पुंज की लेखन शैली की सबसे बड़ी विशेषता है.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel