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टूटे खिलौने बना सकते हैं घर में नेगेटिविटी, जानें क्या कहता है वास्तु

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टूटे खिलौने बना सकते हैं घर में नेगेटिविटी, जानें क्या कहता है वास्तु
बच्चों के कमरा से घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर करें

Kids Room Vastu Tips: बच्चों के खिलौने उनके बचपन का बहुत अहम हिस्सा होते हैं. वे इन्हीं के साथ खेलते, सीखते और खुश रहते हैं. लेकिन जब ये खिलौने टूट जाते हैं, तो अक्सर हम उन्हें नजरअंदाज कर देते हैं. कोई उन्हें कमरे के कोने में रख देता है, तो कोई बिना सोचे-समझे दान कर देता है. लेकिन वास्तु शास्त्र के अनुसार, यह छोटी सी बात भी घर के माहौल और बच्चों की मानसिक स्थिति पर असर डाल सकती है.

टूटे खिलौने क्यों माने जाते हैं अशुभ

वास्तु के अनुसार घर में रखी हर चीज ऊर्जा को प्रभावित करती है—चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक. टूटे हुए खिलौने नकारात्मक ऊर्जा बढ़ाने का कारण बन सकते हैं. खासकर बच्चों के कमरे में अगर ऐसे खिलौने पड़े रहें, तो उनका ध्यान भटक सकता है. इससे उनके व्यवहार और पढ़ाई पर भी असर पड़ सकता है. इसलिए लंबे समय तक टूटे खिलौनों को संभालकर रखना सही नहीं माना जाता.

बच्चों के कमरे में रखें साफ-सफाई

बच्चों का कमरा हमेशा साफ और व्यवस्थित होना चाहिए. टूटे, खराब या बेकार खिलौनों को वहां से हटा देना बेहतर होता है. इससे न सिर्फ कमरा साफ दिखता है, बल्कि बच्चों का मन भी खुश और सकारात्मक रहता है. एक साफ-सुथरा माहौल बच्चों की सोच और आदतों पर अच्छा प्रभाव डालता है.

दान करते समय रखें ये बात ध्यान में

अक्सर लोग बच्चों के पुराने या टूटे खिलौनों को जरूरतमंदों को दान कर देते हैं. यह एक अच्छी आदत है, लेकिन इसमें भी सावधानी जरूरी है. बहुत ज्यादा टूटे या खराब खिलौने दान में नहीं देने चाहिए. ऐसे खिलौने जिनसे किसी को चोट लग सकती है, उन्हें देना सही नहीं है. दान हमेशा ऐसे खिलौनों का करें जो ठीक हालत में हों और सुरक्षित हों, ताकि उन्हें इस्तेमाल करने वाला बच्चा खुश रह सके.

क्या करें टूटे खिलौनों का?

अगर खिलौना हल्का-फुल्का खराब है और ठीक हो सकता है, तो उसे रिपेयर करवा सकते हैं. लेकिन अगर वह पूरी तरह टूट चुका है, तो उसे घर से बाहर कर देना ही बेहतर है. इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है और बच्चों का माहौल भी अच्छा रहता है.

सही आदतें सिखाना भी है जरूरी

बच्चों को भी यह सिखाना जरूरी है कि वे अपने खिलौनों का ध्यान रखें और बेकार चीजों को इकट्ठा न करें. इससे उनमें साफ-सफाई और जिम्मेदारी की आदत विकसित होती है. छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखकर आप घर के माहौल को बेहतर बना सकते हैं और बच्चों के लिए एक सकारात्मक वातावरण तैयार कर सकते हैं.

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शौर्य पुंज विशेष रूप से दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों एवं लेखों पर फोकस कर रहे हैं. वो डिजिटल मीडिया जगत के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. पाठकों की रुचि और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए वे सरल, सहज और तथ्यपूर्ण धार्मिक एवं ज्योतिषीय कंटेंट तैयार करते हैं. डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ शौर्य खबरों की नब्ज को समझने और जटिल विषयों को आसान भाषा में प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांस लेखन से की थी. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में कार्य करने का अवसर मिला और अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन में काम शुरू किया. यहां उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट और मनोरंजन जगत की प्रमुख खबरों पर लेखन किया. साल 2020 के दौरान उन्होंने लाइफस्टाइल, हेल्थ, एजुकेशन और अन्य नॉन-न्यूज कैटेगरी में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया. Health & Fitness, Beauty & Fashion, Relationship & Family, Food & Recipes, Travel, Astrology & Vastu, Career & Motivation, Festival & Culture जैसे विषयों पर उन्होंने सैकड़ों उपयोगी और जानकारीपूर्ण लेख तैयार किए. शिक्षा शौर्य पुंज का जन्म रांची, झारखंड में हुआ. उनकी प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एंड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. (ऑनर्स) की डिग्री प्राप्त की. पत्रकारिता की उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें समाचार लेखन के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे के आधार पर तथ्यपूर्ण, संतुलित और प्रभावी कंटेंट तैयार करने में सक्षम बनाती है. विशेषज्ञता के क्षेत्र दैनिक राशिफल साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल ज्योतिषीय उपाय पूजा-पाठ एवं धार्मिक अनुष्ठान व्रत-त्योहार एवं शुभ मुहूर्त वास्तु शास्त्र धार्मिक मान्यताएं एवं परंपराएं लाइफस्टाइल एवं वेलनेस हेल्थ एवं फिटनेस डिजिटल कंटेंट राइटिंग एवं SEO पाठकों तक विश्वसनीय, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाना शौर्य पुंज की लेखन शैली की सबसे बड़ी विशेषता है.
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