[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home National पंडवानी की बुलंद आवाज हुई खामोश, प्रख्यात लोकगायिका तीजन बाई का निधन

पंडवानी की बुलंद आवाज हुई खामोश, प्रख्यात लोकगायिका तीजन बाई का निधन

0
पंडवानी की बुलंद आवाज हुई खामोश, प्रख्यात लोकगायिका तीजन बाई का निधन
प्रख्यात लोकगायिका तीजन बाई (Photo : X)

एम्स रायपुर के डॉक्टरों के मुताबिक, पद्म विभूषण से सम्मानित मशहूर लोकगायिका तीजन बाई ने रविवार तड़के करीब 3:15 बजे अंतिम सांस ली. वह 27 मई से अस्पताल में भर्ती थीं और लंबे समय से इलाज चल रहा था. दुर्ग जिले की रहने वाली तीजन बाई ने अपनी दमदार आवाज, शानदार मंच प्रस्तुति और भावपूर्ण अंदाज से पंडवानी गायन को देश ही नहीं, दुनिया भर में नई पहचान दिलाई.

पंडवानी छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोककला है, जिसमें महाभारत की कहानियों को गीत, संगीत और दमदार अंदाज में सुनाया जाता है. तीजन बाई ने अपनी अनोखी प्रस्तुति से इस लोककला को दुनिया भर में पहचान दिलाई. उनके कार्यक्रमों ने देश-विदेश के लोगों का दिल जीता और उन्हें देश के सबसे सम्मानित लोक कलाकारों में शामिल कर दिया. भारतीय लोककला में उनके अमूल्य योगदान के लिए तीजन बाई को भारत सरकार ने पद्म श्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण जैसे देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मानों से सम्मानित किया. 

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने तीजन बाई के निधन पर गहरा दुख जताया. उन्होंने कहा कि तीजन बाई ने अपनी कला से छत्तीसगढ़ का नाम पूरे देश और दुनिया में रोशन किया. मुख्यमंत्री ने उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा.

प्रधानमंत्री मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि मशहूर पंडवानी गायिका तीजन बाई जी के निधन से बहुत दुख हुआ है. उन्होंने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से छत्तीसगढ़ की लोक कला को दुनिया भर में एक खास पहचान दिलाई. उनका जाना कला और संस्कृति की दुनिया के लिए एक ऐसी क्षति है जिसकी भरपाई नहीं हो सकती. दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार और प्रशंसकों के साथ हैं. ओम शांति…

Previous article साहू पोखर से गरीबनाथ मंदिर तक बदलेगा पूरा इलाका, बाबा गरीबनाथ कॉरिडोर का मास्टर प्लान तैयार
Next article फारबिसगंज में रेल कर्मी के बंद घर का ग्रिल व ताला तोड़कर 4 तोला सोना और 25 हजार नगद ले उड़े अज्ञात चोर
Avatar Of Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel