[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home National Shubhanshu Shukla :  ‘पापा करके आता हूं, चिंता न करें’, कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने पिता से कहा

Shubhanshu Shukla :  ‘पापा करके आता हूं, चिंता न करें’, कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने पिता से कहा

0
Shubhanshu Shukla :  ‘पापा करके आता हूं, चिंता न करें’, कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने पिता से कहा
Shubhanshu Shukla Space Flight

Shubhanshu Shukla : अंतरिक्ष में जाने वाले दूसरे भारतीय बनने से कुछ घंटे पहले, ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने अपने माता-पिता से बहुत ही छोटी बातचीत की. बातचीत में अपने बच्चे के बड़े दिन पर किसी भी माता-पिता की तरह उत्साह और चिंता का मिला नजर आया. उनके पिता शंभू और मां आशा सुबह करीब 2:30 बजे उठे और उड़ान भरने के लिए घंटों की उल्टी गिनती कर रहे थे. सेवानिवृत्त सरकारी अधिकारी शंभू से इंडियन एक्सप्रेस ने बात की. उन्होंने बताया, “हमने सुबह करीब 4:00 बजे शुभांशु से बात की और उसने कहा, ‘पापा करके आता हूं. आप चिंता न करें.’ माता-पिता और करीबी रिश्तेदारों ने लॉन्च को एक साथ मिलकर देखा. इस मौके पर सिटी मॉन्टेसरी स्कूल में खास कार्यक्रम रखा गया, जहां शुभांशु ने पढ़ाई की थी.

मां आशा शुक्ला की आंखों में आ गए आंसू

आंखों में आंसू, होठों पर प्रार्थनाएं, व्याकुल मां आशा शुक्ला बड़ी स्क्रीन पर बिना पलक झपकाए देख रही थीं, जब एक्सिओम-4 अंतरिक्ष यान उनके बेटे ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला के साथ अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन की ओर बढ़ रहा था. उनके बगल में बैठे भारतीय वायु सेना के पायलट के पिता शंभू दयाल शुक्ला उत्साह से मुस्कुरा रहे थे. कुछ ही मिनटों बाद, जब स्पेसएक्स क्रू ड्रैगन अंतरिक्षयान फाल्कन 9 रॉकेट पर सवार होकर फ्लोरिडा स्थित नासा के कैनेडी अंतरिक्ष केंद्र के लॉन्च कॉम्प्लेक्स 39ए से उड़ान भर रहा था. इसके बाद आशा ने मुस्कुराते हुए मीडिया से कहा कि वह अपने बेटे के लिए शुभकामनाएं देती हैं, जो अंतरिक्ष में जाने वाला दूसरा भारतीय है.

कौन–कौन सवार हैं इस यान में

विंग कमांडर राकेश शर्मा के 1984 में सोवियत मिशन के तहत अंतरिक्ष यात्रा करने के चार दशक बाद ग्रुप कैप्टन शुक्ला अंतरिक्ष में गए हैं. भारतीय वायुसेना के पायलट को स्वस्थ रहने के लिए एक महीने से अधिक समय तक क्वारंटीन में रखा गया है. मिशन के पायलट ग्रुप कैप्टन शुक्ला के अलावा, पोलैंड के विशेषज्ञ स्लावोज उज्नान्स्की-विस्नीव्स्की और हंगरी के टिबोर कापू और अमेरिका के कमांडर पैगी व्हिटसन अंतरिक्ष यान में सवार हैं. एक्सिओम-4 मिशन के चार सदस्यीय दल अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन की ओर रवाना हो रहे हैं. करीब 15 दिन के इस मिशन के दौरान वे 60 वैज्ञानिक प्रयोग करेंगे, जिनमें से सात भारतीय शोधकर्ताओं द्वारा प्रस्तावित किए गए हैं.

Previous article Bihar Sarkari Naukari: बिहार पुलिस को मिलेंगे 21,391 नए सिपाही, पटना में सीएम नीतीश बांटेंगे नियुक्ति पत्र
Next article बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर हलचल तेज, चुनाव आयोग की टीम पहुंची पटना
Avatar Of Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel