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Home National 15 दिन में जवाब दो! पायरेसी रोकने के लिए Telegram को सरकार का आदेश

15 दिन में जवाब दो! पायरेसी रोकने के लिए Telegram को सरकार का आदेश

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15 दिन में जवाब दो! पायरेसी रोकने के लिए Telegram को सरकार का आदेश
टेलीग्राम को नोटिस (Photo: AI)

भारत सरकार ने पायरेसी पर सख्ती दिखाते हुए टेलीग्राम को नोटिस जारी किया है. सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने कहा है कि टेलीग्राम तुरंत फिल्मों और OTT कंटेंट की अवैध शेयरिंग रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए और 15 दिनों के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट सौंपे. सरकार का कहना है कि यह कदम फिल्म इंडस्ट्री, OTT प्लेटफॉर्म, ब्रॉडकास्टर्स, प्रोड्यूसर्स और क्रिएटर्स के हितों की सुरक्षा के लिए उठाया गया है.

सरकार ने टेलीग्राम से कहा है कि वह सिर्फ एक-एक पोस्ट हटाने तक सीमित न रहे, बल्कि पूरे प्लेटफॉर्म पर पायरेसी रोकने के लिए ठोस व्यवस्था बनाए. मंत्रालय ने बार-बार पायरेटेड कंटेंट शेयर करने वाले चैनलों, ग्रुप्स, बॉट्स, अकाउंट्स और एडमिन्स पर कार्रवाई करने को कहा है.

यह भी पढ़ें : ‘यूजरनेम’ फीचर पर सरकार का एक्शन: WhatsApp के बाद Telegram और Signal को भी भेजा नोटिस

टेलीग्राम पर हुई थी कार्रवाई

जून में भी टेलीग्राम पर कार्रवाई हुई थी. NEET (UG) 2026 री-एग्जाम से पहले प्रश्नपत्र लीक होने के मामले में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की सिफारिश पर 16 से 22 जून तक प्लेटफॉर्म पर रोक लगाई गई थी. इसके अलावा सरकार ने 30 जून तक टेलीग्राम का मैसेज एडिट करने वाला फीचर भी बंद रखने का निर्देश दिया था.

Meta को भी नोटिस भेज चुकी है सरकार

टेलीग्राम को भेजा गया यह नोटिस केंद्र सरकार की हाल के दिनों में की गई दूसरी कार्रवाई है. इससे पहले सरकार ने Meta को भी नोटिस भेजकर WhatsApp के यूजरनेम फीचर पर जवाब मांगा था. वहीं, Instagram पर बाल यौन शोषण से जुड़े विज्ञापनों के मामले में भी कंपनी के अधिकारियों को तलब करने का फैसला लिया गया है.

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अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
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