2002 के हमले के मामले में मेधा पाटकर से जिरह

अहमदाबाद: नर्मदा बचाओ आंदोलन से जुडीं सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर से 2002 में उन पर साबरमती आश्रम में हुए हमले के मामले में एक स्थानीय अदालत में जिरह की गयी.पाटकर ने मार्च, 2002 के मामले से जुडे सवालों का सामना किया जब एक भीड महात्मा गांधी के साबरमती आश्रम में घुस गयी थी जहां गोधरा […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | January 19, 2015 10:06 PM

अहमदाबाद: नर्मदा बचाओ आंदोलन से जुडीं सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर से 2002 में उन पर साबरमती आश्रम में हुए हमले के मामले में एक स्थानीय अदालत में जिरह की गयी.पाटकर ने मार्च, 2002 के मामले से जुडे सवालों का सामना किया जब एक भीड महात्मा गांधी के साबरमती आश्रम में घुस गयी थी जहां गोधरा कांड के बाद भडके दंगों के सिलसिले में एक शांति सभा हो रही थी.

आरोपी अमित ठाकर के वकील विजय शर्मा ने घंटे भर तक चली जिरह के दौरान पाटकर से सवाल पूछे. मसलन उनसे पूछा गया कि जब भीड घुसी तो वह कहां बैठी थीं. ठाकर उस समय भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष थे. पाटकर से उस जगह के बारे में भी पूछा गया जहां से भीड घुसी थी और उनके साथ शांतिसभा में शामिल अन्य लोगों पर हमला किया था.
मेट्रोपोलिटन अदालत के न्यायाधीश ए एस देसाई के समक्ष आगे की जिरह के लिए 17 मार्च की तारीख तय की गयी है.पाटकर और अन्य कार्यकर्ताओं ने सात मार्च, 2002 को साबरमती आश्रम में एक शांति सभा आयोजित की थी जहां भीड ने तोडफोड की और कथित रुप से पाटकर के साथ बदसलूकी की.घटना के बाद ठाकर, भाजपा पार्षद अमित शाह, शहर के गैर-सरकारी संगठन नेशनल काउंसिल फॉर सिविल लिबर्टीज के अध्यक्ष वी के सक्सेना के साथ भाजपा के कुछ कार्यकर्ताओं और कांग्रेस नेता रोहित पटेल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी थी.