नयी दिल्लीः हरियाणा में भारतीय जनता पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिला है. नरेंद्र मोदी और अमित शाह की जोड़ी ने इस जाट लैंड की राजनीतिक फिजा ही बदल दी है. इस जीत का श्रेय पार्टी वहां की जनता और कार्यकर्ताओं को दे रही है. इस जीत के पीछे के कारणों को समझने की कोशिश करें, तो भारतीय जनता पार्टी ने हरियाणा में जातिगत समीकरण का पूरा ध्यान रखा. पार्टी ने चौधरी वीरेन्द्र सिंह और कैप्टन अभिमन्यु को जाट चेहरे के रूप में पेश किया.
पार्टी का यह कदम सुनियोजित और दूरदर्शी था. इस कदम का फायदा भी भाजपा को पूरा मिला. इसके अलावा कई प्रमुख पार्टी से जब नेता टूटकर भाजपा में शामिल हुए तो भाजपा की ताकत हरियाणा में और मजबूत हुई. पार्टी ने सिर्फ जाट बल्कि राव इंद्रजीत सिंह जैसे प्रमुख यादव चेहरे का भी भरपूर इस्तेमाल किया. हरियाणा में जाट और यादव समुदाय प्रभावी है. जीत का एक बहुत बड़ा कारण मोदी लहर को भी माना जाता है.
| पार्टी | जीत |
| भारतीय जनता पार्टी | 47 |
| बहुजन समाज पार्टी | 01 |
| इंडियन नेशनल कांग्रेस | 15 |
| हरिय़ाणा जनहित कांग्रेस | 02 |
| इंडियन नेशनल लोकदल | 19 |
| शिरोमणी अकाली दल | 01 |
|
अन्य
|
05 |
