जिले के दो प्रमुख अस्पतालों समेत स्वास्थ्य केंद्रों में एंटी रैबीज वैक्सीन (एआरवी) का स्टॉक पिछले दो दिनों से पूरी तरह खत्म हो जाने के कारण मरीजों की परेशानी चरम पर पहुंच गई है. रोजाना आवारा कुत्तों व अन्य पशुओं के काटने के शिकार लोग इलाज के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं, लेकिन एआरवी उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें निराश होकर लौटना पड़ रहा है.
इस गंभीर स्थिति के बीच एसएनएमएमसीएच से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. जिसने स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. आरोप है कि अस्पताल के कुछ कर्मियों ने आपदा को अवसर में बदलते हुए आपातकालीन स्थिति के लिए सुरक्षित रखे गए एआरवी को पैसे लेकर मरीजों को देना शुरू कर दिया.