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मिलिए निशि चौहान से जिसने हॉबी के लिए छोड़ दी बैंक की नौकरी

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मिलिए निशि चौहान से जिसने हॉबी के लिए छोड़ दी बैंक की नौकरी

कहते हैं कुदरत की बनायी हर चीज में कोई-न-कोई खासियत जरूर होती है. बस हमें उसे तराशना, संवारना और निखारने का हुनर आना चाहिए. निशि चौहान भी इसी बात को ध्यान में रखते हुए आज देश-विदेश में अपनी पहचान बना रही हैं.

फाइनेंस से एमबीए करने के बाद निशि चौहान वत्स ने कई अलग-अलग बैंकों में अपनी सेवाएं दीं, लेकिन बार-बार ट्रांसफर होने की वजह से वह अपनी पारिवारिक जिम्मेदारियां पूरी नहीं कर पा रही थीं. इसी कारण एक समय ऐसा भी आया, जब अपने पारिवार को समय देने और अपनी पहचान को बनाये रखने के लिए उन्होंने छह साल पुरानी नौकरी छोड़ कर बिजनेस करने की योजना बनायी. हालांकि यह निर्णय लेना कठिन था, पर पति अमन ने उनका हौसला बढ़ाया. मूल रूप से यूपी के कन्नौज की रहनेवाली निशि फिलहाल सहारनपुर में रहती हैं और लकड़ी के नेम प्लेट बनाती हैं. उन्होंने अपने घर पर ही सारा सेटअप बना रखा है. नेम प्लेट की डिजाइनिंग और मार्केटिंग- दोनों वह खुद ही करती हैं.

कला और रंगों के प्रति मेरा झुकाव आया काम
निशि को पेंटिंग्स की प्रेरणा अपने बड़े भाई और पापा से मिली. उनको देख कर निशि ने पेंटिंग करना सीखा. शुरू में कुछ ऑयल पेंटिंग्स बनायी, जिन्हें लोगों ने काफी पसंद किया. धीरे-धीरे निशि ने लकड़ी का काम सीखा. इसके लिए इंटरनेट की मदद ली. पहले खुद के लिए नेम प्लेट बनायी. फिर कुछ यूनिक करने के ख्याल से इसे बिजनेस के तौर पर डेवलप करना शुरू किया.

दिवाली एग्जीबिशन में लगायी स्टॉल
निशि ने अपने नेम प्लेट्स की पहली स्टॉल अपनी रेसिडेंशियल सोसायटी में आयोजित होनेवाली दिवाली एग्जीबिशन में लगायी. वहां लोगों को उनके बनाये नेम प्लेट्स बेहद पसंद आये. कई सारे ऑडर्स भी मिले. मैंने अपनी पहली नेम प्लेट 400 रुपये में बेची थी. निशि की मानें, तो उनके काम के लिए सहारनपुर सबसे उपयोगी साबित हुआ. वह कहती हैं- ”मुझे तो यहां आने के बाद पता चला कि सहारनपुर पूरी दुनिया में लकड़ी की कारीगरी के लिए प्रसिद्ध है. यहां मुझे अपने जरूरत की चीजें ढूंढनी नहीं पड़ती. नेम प्लेट के लिए मैं टेक्स्ट के डिजाइन खुद बनाती हूं और उन्हीं के हिसाब से लकड़ी मंगवा लेती हूं.”

ऑनलाइन मिलते हैं ज्यादातर ऑर्डर
निशि का पूरा काम इस समय ऑनलाइन है यानी वह अपने नेमप्लेट की बिक्री ऑनलाइन करती हैं. अपने प्रोडक्ट के प्रमोशन के लिए उन्होंने ‘देव वंदना हैंडीक्राफ्ट’ के नाम से फेसबुक पेज बना रखा है. उस पर वह अपने प्रोडक्ट्स की जानकारी और उनकी तस्वीरें भी शेयर करती हैं. उनकी कंपनी भी इसी नाम से है. निशि की मानें, तो उनके बनाये नेमप्लेट की मांग मुंबई, दिल्ली जैसे बड़ों शहरों में खूब है. कुछ लोग ऑनलाइन ऑर्डर करते हैं तो कुछ लोग फोन करके ऑर्डर देते हैं. त्योहारी सीजन में मांग ज्यादा ही रहती हैं. लोगों का रूझान वुडेन नेमप्लेट की तरफ तेजी से बढ़ रहा है.

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