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Home Life and Style नीम करोली बाबा के तीन चमत्कार, जो आज भी भक्तों को करती है चकित

नीम करोली बाबा के तीन चमत्कार, जो आज भी भक्तों को करती है चकित

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नीम करोली बाबा के तीन चमत्कार, जो आज भी भक्तों को करती है चकित
नीम करोली बाबा

Neem Karoli Baba: उत्तराखंड की पवित्र वादियों में बसा नैनीताल जिले का कैंची धाम आश्रम आज करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है. यह स्थान बाबा नीम करोली महाराज से जुड़ा हुआ है, जिन्हें उनके भक्त केवल संत ही नहीं बल्कि हनुमान जी का स्वरूप मानते हैं. आश्रम में हर वर्ष हजारों लोग दर्शन के लिए पहुंचते हैं और यहां हनुमान जी की विशेष पूजा की जाती है. बाबा के जीवन से जुड़ी अनेक चमत्कारिक घटनाएं लोगों के बीच विश्वास और भक्ति को और गहरा करती हैं. इनमें से तीन प्रमुख चमत्कार आज भी सबसे अधिक चर्चित हैं.

चिमटे से रुकी ट्रेन

कहानी है कि एक बार बाबा बिना टिकट ट्रेन में सवार हो गए. टिकट चेकर ने उन्हें नीम करोली स्टेशन पर उतार दिया. नीम करोली बाबा पास में बैठकर ध्यान लगाने लगे और अपना चिमटा जमीन में गाड़ दिया। उसी समय ट्रेन आगे बढ़ने से रुक गई. काफी कोशिशों के बावजूद इंजन चालू नहीं हुआ. जब हालात गंभीर हुए तो रेलवे अधिकारियों ने बाबा से माफी मांगी. बाबा ने कहा कि यहां लोगों की सुविधा के लिए स्टेशन बनाया जाए. जैसे ही उनकी बात मानी गई और वे ट्रेन में बैठे, गाड़ी तुरंत चल पड़ी. बाद में इस स्टेशन का नाम नीम करोली रखा गया.

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पानी से निकला घी

कैंची धाम में एक बार विशाल भंडारे के दौरान घी की कमी हो गई. भक्त चिंतित थे कि प्रसाद कैसे बनेगा. बाबा ने शिष्यों से पास की नदी से पानी लाने को कहा. उनकी आज्ञा से लाया गया पानी भोजन में डालते ही घी में बदल गया और प्रसाद सहजता से पूरा हो गया.

अद्भुत बुलेटप्रूफ कंबल

फतेहगढ़ में बाबा एक वृद्ध दंपत्ति के घर में रुके थे, जहां उस दंपत्ति का बेटा युद्धभूमि में फंसा हुआ था. उसी रात बाबा ने घर पर एक कंबल ओढ़ा. कहा जाता है कि बेटे ने मोर्चे पर महसूस किया कि वही कंबल उसे गोलियों से बचा रहा है. वह सुरक्षित लौटा और परिवार ने इसे बाबा की दिव्य कृपा माना. इस घटना का जिक्र रिचर्ड एलपर्ट (रामदास) ने अपनी एक किताब में किया है, जिसका नाम Miracle of Love है.

Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. प्रभात खबर इसकी पुष्टि नहीं करता है.

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