[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Education BIT मेसरा में खत्म हुआ झारखंड का 50% कोटा, अब देशभर के छात्रों से होगी सीधी टक्कर

BIT मेसरा में खत्म हुआ झारखंड का 50% कोटा, अब देशभर के छात्रों से होगी सीधी टक्कर

0
BIT मेसरा में खत्म हुआ झारखंड का 50% कोटा, अब देशभर के छात्रों से होगी सीधी टक्कर
BIT मेसरा कैंपस

BIT Mesra Jharkhand Students Quota: सत्र 2026-27 से बीआईटी मेसरा की सभी सीटों पर सिर्फ ऑल इंडिया मेरिट के आधार पर एडमिशन होगा. आसान भाषा में समझें तो अब झारखंड के छात्रों को भी देशभर के लाखों छात्रों के साथ सीधी प्रतियोगिता करनी पड़ेगी.

BIT Mesra में क्या था होम स्टेट कोटा?

अब तक बीआईटी मेसरा में झारखंड के छात्रों के लिए 50 प्रतिशत सीटें आरक्षित रहती थीं. इस व्यवस्था की वजह से राज्य के छात्रों को बड़े इंजीनियरिंग कॉलेज में एडमिशन का अच्छा मौका मिल जाता था.

बीटेक की लगभग 650 सीटों पर झारखंड के छात्रों का नामांकन होता था. इसके अलावा बीसी-1 और बीसी-2 वर्ग के छात्रों के लिए भी अलग आरक्षित सीटें थीं. लेकिन अब यह पूरा सिस्टम खत्म हो जाएगा. अब किसी छात्र को सिर्फ झारखंड का निवासी होने का फायदा नहीं मिलेगा. एडमिशन पूरी तरह रैंक और ऑल इंडिया मेरिट के आधार पर होगा.

क्यों खत्म हुआ झारखंड का कोटा?

दरअसल बीआईटी मेसरा और झारखंड सरकार के बीच हुआ समझौता यानी एमओयू दो साल पहले ही खत्म हो चुका था. संस्थान की तरफ से कई बार उच्च शिक्षा विभाग को पत्र भेजा गया, लेकिन समझौते का नवीकरण नहीं हो पाया.

बताया जा रहा है कि सरकार की तरफ से मिलने वाला आर्थिक सहयोग भी लंबे समय से बकाया है. ऐसे में संस्थान ने अब सभी सीटों पर ऑल इंडिया कोटे से एडमिशन लेने का फैसला कर लिया.

छात्रों के लिए बढ़ेगी टेंशन

इस फैसले का सबसे बड़ा असर झारखंड के छात्रों पर पड़ने वाला है. पहले जिन छात्रों की रैंक थोड़ी कम भी होती थी, उन्हें होम स्टेट कोटे का फायदा मिल जाता था. लेकिन अब ऐसा नहीं होगा.

अब छात्रों को जेईई में ज्यादा बेहतर प्रदर्शन करना होगा. खासकर ग्रामीण इलाकों के छात्रों के लिए चुनौती और बढ़ सकती है क्योंकि पहले उन्हें राज्य कोटे का सहारा मिल जाता था. बीसी-1 और बीसी-2 वर्ग के छात्रों को भी अब अलग से सीट आरक्षण का फायदा नहीं मिलेगा.

इस पूरे मामले पर झारखंड के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार ने भी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले की कानूनी समीक्षा कर रही है. मंत्री का कहना है कि अगर किसी संस्थान को झारखंड सरकार से रियायती दर पर जमीन मिली है, तो उसे राज्य के आरक्षण नियमों का पालन करना चाहिए.

यह भी पढ़ें: प्राइड ऑफ नेशन अवॉर्ड’ से सम्मानित हुआ बीआईटी मेसरा, झारखंड का सर्वश्रेष्ठ विवि घोषित

Previous article पंस की हड़ताल से जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र बनना ठप
Next article शाहपुर फुलवरिया में महिला का मिला शव
Avatar Of Ravi Mallick
रवि मल्लिक पिछले 7 सालों से एजुकेशन जर्नलिस्ट के तौर पर काम कर रहे हैं. एजुकेशन, करियर, जॉब, NEET, JEE, बैंकिंग, SSC, UPSC, UPPSC, BPSC और ICAI CA जैसी परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है. फिलहाल वो प्रभात खबर डिजिटल की एजुकेशन टीम को लीड कर रहे हैं. इससे पहले उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल, Times Network और अमर उजाला जैसे मीडिया संस्थानों में काम किया है. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे यूजर के अनुसार तराशना भी जानते हैं. यही वजह है कि उनकी रिपोर्ट को IGNOU, JNU, IIT गुवाहाटी और NIT जालंधर जैसे संस्थानों ने भी शेयर किया है. रवि की पढ़ाई वाराणसी से हुई है. यहीं के महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ विश्वविद्यालय (MGKVP) से उन्होंने ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की पढ़ाई के लिए वो लखनऊ आ गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकल वेबसाइट के साथ काम किया. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के साथ रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. साल 2019 में ही अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. इसके बाद साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और यहां Career कैटेगरी की शुरुआत की. एजुकेशन की खबरों को कवर करते हुए JNU, DU, जामिया और IIT दिल्ली के कई इवेंट का हिस्सा रहे. रवि के करियर की गाड़ी आगे बढ़ी और साल 2024 में उन्हें Times Now Hindi में एजुकेशन टीम में सीनियर कंटेंट एडिटर का पोस्ट मिला. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel