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Home Business RBI Governor: तेल हो गया फेल! सोना बना पैमाना, जानें आरबीआई गवर्नर का क्या है संकेत

RBI Governor: तेल हो गया फेल! सोना बना पैमाना, जानें आरबीआई गवर्नर का क्या है संकेत

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RBI Governor: तेल हो गया फेल! सोना बना पैमाना, जानें आरबीआई गवर्नर का क्या है संकेत
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा

RBI Governor: भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने शुक्रवार को कहा कि सोने की कीमत अब वैश्विक अनिश्चितताओं का नया बैरोमीटर बन रही है, जबकि पहले यह भूमिका कच्चे तेल की कीमत निभाती थी. उन्होंने वर्तमान वैश्विक आर्थिक माहौल को देखते हुए निवेशकों को सतर्क रहने की चेतावनी दी.

वैश्विक अर्थव्यवस्था में तनाव

आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने कहा कि लगभग हर देश वर्तमान में वित्तीय रूप से तनावग्रस्त है. मौजूदा व्यापार नीति का माहौल कुछ अर्थव्यवस्थाओं की वृद्धि को प्रभावित कर सकता है. उन्होंने निवेशकों को चेताया कि ऐसे हालात में वैश्विक शेयर बाजारों में गिरावट देखी जा सकती है.

आरबीआई का मौद्रिक नीति रुख

आरबीआई ने बुधवार को तटस्थ मौद्रिक नीति रुख अपनाते हुए रेपो रेट को 5.5% पर अपरिवर्तित रखा. बैंक ने कहा कि वैश्विक अर्थव्यवस्था अनुमान से कहीं अधिक जुझारू रही है, लेकिन भविष्य अब भी अनिश्चित और धुंधला दिखाई दे रहा है.

तेल की कीमतें और सोने की भूमिका

आरबीआई गवर्नर ने कौटिल्य आर्थिक सम्मेलन 2025 में कहा कि भू-राजनीतिक तनावों की वजह से पिछले दशक में तेल की कीमतें बढ़ती रही थीं. लेकिन, वर्तमान में तेल की कीमतें सीमित दायरे में हैं. शायद इसका कारण वैश्विक GDP में तेल की घटती भूमिका है. उन्होंने कहा, “शायद अब सोने की कीमतें उसी तरह की चाल दिखा रही हैं, जैसा पहले तेल दिखाया करता था और यह वैश्विक अनिश्चितताओं का संकेतक बन रही हैं.”

शेयर बाजार और निवेशकों के लिए चेतावनी

संजय मल्होत्रा ने कहा कि वैश्विक शेयर बाजारों में अधिकांश तेजी टेक शेयरों द्वारा की जा रही है. उन्होंने निवेशकों को अधिक उत्साह में आने से बचने की सलाह दी और चेताया कि निकट भविष्य में सुधार या गिरावट संभव है.

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सोने की कीमत में उतार-चढ़ाव

शुक्रवार को हाजिर सोना 3,867 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया और लगातार सातवें हफ्ते में बढ़त पर रहा. गुरुवार को पीली धातु की कीमतें 3,896.9 डॉलर के रिकॉर्ड उच्च स्तर से गिरकर 3,856.6 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुई थीं.

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कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.
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