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Home Business 98% से ज्यादा नोट RBI के पास पहुंचे, क्या अभी भी आपके पास बचे हैं?

98% से ज्यादा नोट RBI के पास पहुंचे, क्या अभी भी आपके पास बचे हैं?

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98% से ज्यादा नोट RBI के पास पहुंचे, क्या अभी भी आपके पास बचे हैं?
2000 रुपये का नोट (फोटो : बिजनेस टूडे )

2000 Rupee Notes : 19 मई 2023 को जब रिजर्व बैंक ने 2,000 रुपये के नोटों को वापस लेने का ऐलान किया था, तब चारों तरफ हलचल मच गई थी. आज करीब तीन साल बाद आरबीआई ने जो आंकड़े जारी किए हैं, वे बताते हैं कि यह अभियान अपने आखिरी मुकाम पर है.

कहां गए 3.56 लाख करोड़?

  • शुरुआत (मई 2023): उस समय बाजार में 3.56 लाख करोड़ रुपये मूल्य के 2,000 के नोट चल रहे थे.
  • अब (अप्रैल 2026): अब बाजार में सिर्फ 5,451 करोड़ रुपये के नोट ही बचे हैं.
  • वापसी: इसका मतलब है कि 98.47% नोट वापस सरकारी खजाने में लौट चुके हैं.

क्या रद्दी हो गए हैं बचे हुए नोट?

बिल्कुल नहीं! रिजर्व बैंक ने एक बार फिर साफ किया है कि 2,000 रुपये के नोट अभी भी वैध मुद्रा (Legal Tender) बने हुए हैं. यानी इनकी कीमत जीरो नहीं हुई है, बस ये अब बाजार में लेन-देन के लिए इस्तेमाल नहीं हो रहे हैं.

अगर आपके पास अब भी नोट है, तो क्या करें?

अगर आपको आज भी किसी पुरानी डायरी या अलमारी के कोने में 2,000 का नोट मिलता है, तो घबराएं नहीं.

  • आप देश भर में मौजूद आरबीआई के 19 निर्गम कार्यालयों (Issue Offices) में जाकर इन्हें बदल सकते हैं.
  • व्यक्ति या संस्थाएं इन नोटों को अपने बैंक खातों में जमा कराने के लिए भी आरबीआई कार्यालयों का रुख कर सकते हैं.

कब शुरू हुआ था यह सफर?

याद दिला दें कि 2,000 रुपये का नोट 2016 में नोटबंदी के बाद पेश किया गया था. सरकार का उद्देश्य सिस्टम में नकदी की कमी को जल्दी पूरा करना था. बाद में, जब पर्याप्त मात्रा में अन्य नोट (500, 200, 100) आ गए, तो आरबीआई ने इन्हें धीरे-धीरे वापस लेना शुरू कर दिया.

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अभिषेक पाण्डेय पिछले 4 वर्षों से प्रभात खबर (Prabhat Khabar) में डिजिटल जर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पत्रकारिता के प्रतिष्ठित संस्थान 'दादा माखनलाल की बगिया' यानी माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल (MCU) से मीडिया की बारीकियां सीखीं और अपनी शैक्षणिक योग्यता पूरी की है। अभिषेक को वित्तीय जगत (Financial Sector) और बाजार की गहरी समझ है। वे नियमित रूप से स्टॉक मार्केट (Stock Market), पर्सनल फाइनेंस, बजट और बैंकिंग जैसे जटिल विषयों पर गहन शोध के साथ विश्लेषणात्मक लेख लिखते हैं। इसके अतिरिक्त, इंडस्ट्री न्यूज, MSME सेक्टर, एग्रीकल्चर (कृषि) और केंद्र व राज्य सरकार की सरकारी योजनाओं (Sarkari Yojana) का प्रभावी विश्लेषण उनके लेखन के मुख्य क्षेत्र हैं। आम जनमानस से जुड़ी यूटिलिटी (Utility) खबरों और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज को पाठकों तक पहुँचाने में उनकी विशेष रुचि है। तथ्यों की सटीकता और सरल भाषा अभिषेक के लेखन की पहचान है, जिसका उद्देश्य पाठकों को हर महत्वपूर्ण बदलाव के प्रति जागरूक और सशक्त बनाना है।
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