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Home Business Air India: एन चंद्रशेखरन की भावुक अपील, एयर इंडिया कर्मचारियों को मजबूत बने रहने की सलाह

Air India: एन चंद्रशेखरन की भावुक अपील, एयर इंडिया कर्मचारियों को मजबूत बने रहने की सलाह

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Air India: एन चंद्रशेखरन की भावुक अपील, एयर इंडिया कर्मचारियों को मजबूत बने रहने की सलाह
टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन

Air India: टाटा संस और एयर इंडिया के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने सोमवार को एक भावुक संदेश में एयर इंडिया कर्मचारियों को संबोधित किया. उन्होंने 12 जून 2025 को अहमदाबाद में हुई विमान दुर्घटना को अपने करियर का सबसे दुखद और दिल दहला देने वाला अनुभव बताया. इस हादसे में लंदन जा रहे बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर विमान के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से 270 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी.

700 से अधिक कर्मचारियों को किया संबोधित

गुरुग्राम स्थित एयर इंडिया मुख्यालय और प्रशिक्षण अकादमी में आयोजित एक बैठक में चंद्रशेखरन ने लगभग 700 कर्मचारियों और नेतृत्व दल से कहा कि ऐसे कठिन समय में पीछे हटने के बजाय हमें और अधिक मजबूत होकर आगे बढ़ने की जरूरत है. उन्होंने कहा, “हमें जांच पूरी होने का इंतजार करना चाहिए, ताकि सही कारणों का पता चल सके. लेकिन, हमें अपने कार्य में पूरी दृढ़ता दिखानी होगी.”

संवेदनशीलता और मानवता की मिसाल

चंद्रशेखरन ने कहा कि यह समय यह बताने का नहीं है कि कंपनी आगे क्या करेगी, बल्कि यह दिखाने का है कि कैसे हम मानवीय संवेदना के साथ आगे बढ़ेंगे. उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा, “हम जिन लोगों को खो चुके हैं, उनकी भरपाई नहीं हो सकती. लेकिन, हमें उनकी मदद के लिए हर संभव मानवीय प्रयास करना होगा.”

आपातकालीन संचालन केंद्र का दौरा

एयर इंडिया चेयरमैन ने इस मौके पर कंपनी के आपातकालीन कमांड सेंटर, एकीकृत संचालन कमांड सेंटर और ग्राहक सहायता केंद्र का दौरा भी किया. उन्होंने कहा कि इस घटना ने सभी को झकझोर दिया है, लेकिन यह समय एक नई और सुरक्षित एयरलाइन के निर्माण की दिशा में संकल्प लेने का है.

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एकजुटता और पुनर्निर्माण का संदेश

अपने संदेश के अंत में चंद्रशेखरन ने कहा, “हमें उन सभी को हमेशा के लिए अपना परिवार मानना होगा, जिन्होंने इस हादसे में अपनों को खोया है. अब समय है एकजुट होकर एक सुरक्षित, विश्वसनीय और सहानुभूतिपूर्ण एयरलाइन बनाने का.” यह संदेश न केवल एक प्रबंधन प्रमुख की चिंता को दर्शाता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि नेतृत्व संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता से कैसे फर्क ला सकता है.

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कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.
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