Gold-Silver Price : सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट: सोना ₹4,090 और चांदी ₹9,658 टूटी; जानें 10 जून को आपके शहर के ताजा भाव

Gold-Silver Price : सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! बुधवार को सोना ₹4,090 और चांदी ₹9,658 सस्ती हुई. जानिए ऑलटाइम हाई से कितनी गिरी कीमतें और बाजार में मंदी की असली वजह.

By Abhishek Pandey | June 10, 2026 2:06 PM

Gold-Silver Price : मिडिल ईस्ट (पश्चिम एशिया) में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव (Geo-Political Tension) के बीच सर्राफा बाजार से एक बेहद चौंकाने वाली खबर आ रही है.

बुधवार यानी 10 जून 2026 को सोने और चांदी दोनों की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई है. इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के मुताबिक, आज 24 कैरेट वाले 10 ग्राम सोने का दाम 4,090 रुपये गिरकर 1.48 लाख रुपये (₹1,48,429) के स्तर पर आ गया है.

वहीं, चांदी की कीमतों में भी आज बड़ी गिरावट रही. 1 किलो चांदी की कीमत 9,658 रुपये कम होकर 2.36 लाख रुपये पर आ गई है. आपको जानकर हैरानी होगी कि सिर्फ 10 दिनों के भीतर (31 मई से अब तक) चांदी 27 हजार रुपये और सोना 8 हजार रुपये तक सस्ता हो चुका है.

आज क्या हैं सोने के दाम ?

IBJA के अनुसार, अलग-अलग कैरेट की शुद्धता के हिसाब से सोने की कीमतें (प्रति 10 ग्राम) कुछ इस प्रकार ट्रेंड कर रही हैं.

सोने की शुद्धता (कैरेट)आज की कीमत (प्रति 10 ग्राम)
14 कैरेट₹86,831
18 कैरेट₹1,11,322
22 कैरेट₹1,35,961
24 कैरेट₹1,48,429

देश के प्रमुख शहरों में 24 कैरेट सोने का भाव

देश के प्रमुख शहरों में 24 कैरेट सोने का भाव
गुडरिटर्न्स (Goodreturns) के मुताबिक, भारत के बड़े शहरों में आज 24 कैरेट सोने (प्रति 10 ग्राम) के खुदरा दाम इस प्रकार हैं.

  • जयपुर, दिल्ली, लखनऊ: ₹1,49,010
  • पटना, अहमदाबाद, भोपाल: ₹1,48,910
  • मुंबई, रायपुर, कोलकाता: ₹1,48,860

ऑलटाइम हाई से ₹1.50 लाख रुपये तक टूट चुकी है चांदी

इस साल सर्राफा बाजार में सोने और चांदी ने जो रफ्तार पकड़ी थी, वह अब काफी धीमी हो चुकी है.

  • सोने की चाल: 31 दिसंबर 2025 को सोना 1.33 लाख रुपये पर था, जो 29 जनवरी 2026 को ₹1.76 लाख के ऑलटाइम हाई पर पहुंच गया था. तब से अब तक सोना 28 हजार रुपये सस्ता हो चुका है.
  • चांदी की चाल: पिछले साल के आखिरी दिन चांदी 2.30 लाख रुपये प्रति किलो थी, जो 29 जनवरी को ₹3.86 लाख के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई थी. तब से अब तक महज 130 दिनों में चांदी 1.50 लाख रुपये सस्ती हो चुकी है.

जंग के माहौल में भी क्यों गिर रहे हैं दाम ?

आमतौर पर देखा जाता है कि जब भी दुनिया में युद्ध का माहौल होता है, तो लोग सोने को सबसे सुरक्षित मानकर उसमें निवेश करते हैं जिससे दाम बढ़ते हैं. लेकिन इस बार एक्सपर्ट्स का गणित थोड़ा अलग है:

  • मेटल छोड़कर ‘कैश’ पर भरोसा (लिक्विडिटी): मिडिल ईस्ट संकट की वजह से निवेशक इस समय कोई बड़ा जोखिम नहीं उठाना चाहते. वे युद्ध के इस दौर में सोने-चांदी को बेचकर अपने पास नकद (Cash) इकट्ठा कर रहे हैं ताकि अनिश्चितता के समय उनके पास हाथ में तुरंत इस्तेमाल करने लायक पैसा (Liquid Money) मौजूद रहे.
  • बंपर प्रॉफिट बुकिंग: जनवरी के महीने में कीमतें अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई थीं. ऐसे में बड़े निवेशकों और फंड हाउसेज ने ऊंचे दामों पर अपना मुनाफा वसूलने (Profit Booking) के लिए होल्डिंग्स को बेचना शुरू कर दिया. बाजार में अचानक सप्लाई बढ़ने से कीमतें धड़ाम से नीचे आ गईं.

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