[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Business UPI New Rules: गूगलपे, फोनपे और पेटीएम यूजर्स ध्यान दें! 1 अगस्त से लागू होंगे यूपीआई के ये 5 नए नियम

UPI New Rules: गूगलपे, फोनपे और पेटीएम यूजर्स ध्यान दें! 1 अगस्त से लागू होंगे यूपीआई के ये 5 नए नियम

0
UPI New Rules: गूगलपे, फोनपे और पेटीएम यूजर्स ध्यान दें! 1 अगस्त से लागू होंगे यूपीआई के ये 5 नए नियम
UPI New Rules From 1 August 2025

UPI New Rules: अगर आप भी पेमेंट और अपना बैलेंस चेक करने के लिए यूपीआई (Unified Payment Interface) का इस्तेमाल करते हैं तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है. यूपीआई के आने से डिजिटल लेनदेन बेहद सरल और सुविधाजनक हो गया है. इसकी मदद से आप कुछ ही मिनटों में, कहीं से भी बैठकर किसी को भी पैसे ट्रांसफर कर सकते हैं.

नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने UPI से जुड़ी गाइडलाइंस में कुछ अहम बदलाव किए हैं. ये बदलाव 1 अगस्त 2025 यानी 3 दिन बाद से लागू हो जाएंगे. इन नए गाइडलाइंस का उद्देश्य भारत में डिजिटल पेमेंट की सेफ्टी को बढ़ाना और ट्रांजेक्शन की स्पीड को और बेहतर बनाना है. अगर आप Google Pay, Paytm, PhonePe या किसी अन्य UPI प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते हैं, तो एक बार जरूर चेक कर लें कि किन नए नियमों में क्या बदलाव किए गए हैं.

UPI New Rules: क्या-क्या बदल जाएंगे

  • बैलेंस चेक लिमिट
  • एक ही ऐप से सभी बैंक खातों की जानकारी देखने का तरीका
  • ऑटोपे अब तय समय पर ही होगा प्रोसेस
  • पेमेंट स्टेटस चेक पर भी लिमिट लागू
  • पेमेंट रिवर्सल (रिफंड) में लिमिट

बैलेंस चेक लिमिट

अब तक यूजर्स अपने बैंक खाते का बैलेंस जब चाहें, जितनी बार चाहें, चेक कर सकते थे. लेकिन 1 अगस्त से इसमें बदलाव किया गया है. नई गाइडलाइन के तहत, एक यूजर दिन में अधिकतम 50 बार ही बैलेंस चेक कर पाएंगे. यह लिमिट इसलिए लागू की गई है ताकि आवश्यक पेमेंट्स के दौरान सर्वर पर अधिक लोड न पड़े और लेन-देन का प्रोसेस बिना किसी रुकावट के हो सके.

एक ही ऐप से सभी बैंक खातों की की डिटेल्स देखना

एक ऐप के जरिए बैंक अकाउंट चेक करने की सुविधा पर अब लिमिट तय कर दी गई है. अब यूजर एक दिन में अधिकतम 25 बार ही उस ऐप से अपने बैंक खाते की डिटेल्स देख सकेंगे.

ऑटोपे अब तय समय पर ही होगा प्रोसेस

कई यूजर्स अपने पेमेंट्स को ऑटो मोड पर सेट कर रखते हैं, जैसे नेटफ्लिक्स का सब्सक्रिप्शन, SIP की किश्तें या बिजली-पानी के बिल आदि. अब ऐसे ऑटोपे ट्रांजैक्शंस भी एक तय समय पर ही प्रोसेस होंगे. रिपोर्ट्स के मुताबिक, सभी ऑटोपे सेवाओं के लिए ऑथराइजेशन और डेबिट प्रोसेसिंग केवल नॉन-पीक आवर्स में ही की जाएगी. सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक और शाम 5 बजे से रात 9:30 बजे तक का समय पीक आवर्स में शामिल किया गया है.

पेमेंट स्टेटस चेक पर भी लिमिट लागू

हर कोई पेमेंट करने के बाद एक या दो बार तो उसका स्टेटस जरूर चेक करता है, चाहे अपनी संतुष्टि के लिए हो या सामने वाले को दिखाने के लिए. लेकिन अब इस स्टेटस चेक करने की सुविधा पर भी लिमिट तय कर दी गई है. अब आप एक दिन में अधिकतम 3 बार ही पेमेंट स्टेटस देख सकेंगे, और हर बार के बीच कम से कम 90 सेकंड का अंतर जरूरी होगा.

पेमेंट रिवर्सल (रिफंड) में लिमिट

चार्जबैक यानी पेमेंट रिवर्सल को लेकर अब एक लिमिट तय कर दी गई है. किसी भी यूजर को 30 दिनों में अधिकतम 10 बार और किसी एक व्यक्ति या संस्था से केवल 5 बार ही चार्जबैक की रिक्वेस्ट करने की अनुमति होगी.

यह भी पढ़ें: UPI Transactions: अब फ्री नहीं रहेगा यूपीआई, अठन्नी-चवन्नी के ट्रांजेक्शन पर भी लगेगा चार्ज

यह भी पढ़ें: PM Kisan Yojana: 2 अगस्त को जारी होगी पीएम किसान की 20वीं किस्त! जानिए क्या है लेटेस्ट अपडेट

Disclaimer: शेयर बाजार से संबंधित किसी भी खरीद-बिक्री के लिए प्रभात खबर कोई सुझाव नहीं देता. हम बाजार से जुड़े विश्लेषण मार्केट एक्सपर्ट्स और ब्रोकिंग कंपनियों के हवाले से प्रकाशित करते हैं. लेकिन प्रमाणित विशेषज्ञों से परामर्श के बाद ही बाजार से जुड़े निर्णय करें.

Previous article बिहार SIR मामले में सुप्रीम कोर्ट में अब इस दिन होगी सुनवाई, याचिकाकर्ताओं को 8 अगस्त तक जवाब देने का आदेश
Next article UP NEET UG 2025: राउंड-1 काउंसलिंग का नया शेड्यूल जारी, मेरिट लिस्ट 30 जुलाई को
Avatar Of Ankit Anand
अंकित आनंद, डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. उन्हें पत्रकारिता में 2 साल से अधिक का अनुभव है और इस दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर अपनी मजबूत पकड़ बनाई है. अंकित मुख्य रूप से स्मार्टफोन लॉन्च, टेलीकॉम अपडेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी खबरें, गैजेट्स रिव्यू और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे विषयों पर काम करते हैं. इसके साथ ही वह ऑटोमोबाइल सेक्टर से जुड़ी जरूरी और ट्रेंडिंग खबरों को भी कवर करते हैं. वह कार और बाइक से जुड़ी हर खबर को सिर्फ एक एंगल से नहीं, बल्कि टेक्निकल, यूजर एक्सपीरियंस और मार्केट ट्रेंड्स जैसे हर पहलू से समझकर पेश करते हैं. उनकी लेखन शैली सरल, स्पष्ट और यूजर्स-फर्स्ट अप्रोच पर बेस्ड है, जिसमें Gen Z की पसंद और उनकी डिजिटल समझ को भी ध्यान में रखा जाता है. बिहार में जन्मे अंकित आनंद की शुरुआती शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद 2024 में गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी (GGSIPU) के कस्तूरी राम कॉलेज ऑफ हायर एजुकेशन से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन डिग्री हासिल की. अपनी पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने मीडिया और डिजिटल स्टोरीटेलिंग की बारीकियों को समझा और धीरे-धीरे टेक और ऑटो जर्नलिज्म की ओर अपना फोकस बढ़ाया. शिक्षा पूरी करने के बाद अंकित ने Zee News में करीब 1 साल तक काम किया, जहां उन्होंने टीवी न्यूज प्रोडक्शन, आउटपुट डेस्क वर्क, कंटेंट रिसर्च और न्यूज राइटिंग की बारीकियों को करीब से समझा. इस अनुभव ने उन्हें तेजी से बदलते न्यूज रूम माहौल में काम करने की क्षमता और खबरों को सरल तरीके से प्रस्तुत करने की कला सिखाई. अंकित का मानना है कि टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरें सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की लाइफस्टाइल और फैसलों को भी असर डालती हैं. इसी सोच के साथ वह SEO-ऑप्टिमाइज्ड, रिसर्च-बेस्ड और सरल भाषा में कंटेंट तैयार करते हैं, ताकि पाठकों को सही और उपयोगी जानकारी आसानी से मिल सके.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel