[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Business मंत्री प्रकाश जावेडकर उद्योगों के लिए लायेंगे कड़े पर्यावरण नियम

मंत्री प्रकाश जावेडकर उद्योगों के लिए लायेंगे कड़े पर्यावरण नियम

0
मंत्री प्रकाश जावेडकर उद्योगों के लिए लायेंगे कड़े पर्यावरण नियम

नयी दिल्‍ली : देश में बढते औद्योगिक तथा वाहन प्रदूषण पर चिंता जताते हुए पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावडेकर ने मंगलवार को कहा कि वह उद्योग के लिये कडे हरित नियम तथा डीजल वाहनों के लिये मजबूत नियमन चाहते हैं. हालांकि मंत्री ने उद्योग से कहा कि सरकार व्यवहारिक रुख अपनाएगी और इस संदर्भ में कोई भी नियम बनाने से पहले उद्योग जगत से सलाह किया जाएगा. उद्योग मंडल सीआईआई द्वारा आयोजित नौवें सतत और समावेशी समाधान शिखर सम्मेलन में जावडेकर ने कहा, ‘पिछले सप्ताह हमने केवल सीमेंट उद्योग के लिये पर्यावरण नियमों को ज्यादा कडा बनाया.

मैं भविष्य में सभी उद्योगों के लिये यह करना चाहता हूं.’ उन्होंने कहा, ‘हम नियमों के साथ आगे बढेंगे और उसका शत प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करेंगे.’ पिछले दो दशकों में वाहन प्रदूषण दोगुना से अधिक होने को रेखांकित करते हुए मंत्री ने कहा कि सरकार कार्बन उत्सर्जन को कम करने को लेकर वाहनों के लिये ‘अतिरिक्त नियम’ बना रही है. बाजार आधारित व्यवस्था में डीजल और पेट्रोल के दाम में अंतर कम होने का जिक्र करते हुए उन्होंने सवालिया लहजे में पूछा, ‘आखिर पेट्रोल नियमों की तुलना में डीजल के नियम हल्के क्यों हैं?

जावडेकर ने कहा, ‘अब हम डीजल वाहनों के लिये कडे नियमों को भी कुछ पहले लागू सकते हैं. हम कर सकते हैं. हमें करना भी चाहिए. मुझे लगता है कि यह वृद्धि और मजबूती सुनिश्चित करने का मॉडल यही है.’ उन्होंने इस बात पर खेद व्यक्त किया कि ‘हमने सब कुछ दूषित कर दिया है. विभिन्न औद्योगिक इकाइयों में स्थापित 80 प्रतिशत जलमल शोधन संयंत्र काम नहीं कर रहे हैं. मंत्री ने कहा कि हमें निश्चित रुप से पर्यावरण के संरक्षण के लिये बुनियादी ढांचा तैयार करना चाहिए और हमें इसका उपयोग करना चाहिए.

Disclaimer: शेयर बाजार से संबंधित किसी भी खरीद-बिक्री के लिए प्रभात खबर कोई सुझाव नहीं देता. हम बाजार से जुड़े विश्लेषण मार्केट एक्सपर्ट्स और ब्रोकिंग कंपनियों के हवाले से प्रकाशित करते हैं. लेकिन प्रमाणित विशेषज्ञों से परामर्श के बाद ही बाजार से जुड़े निर्णय करें.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel