[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Automobile KYC Update नहीं करने पर FASTag और पैसा बेकार! जानें फिर क्या होगा आगे

KYC Update नहीं करने पर FASTag और पैसा बेकार! जानें फिर क्या होगा आगे

0
KYC Update नहीं करने पर FASTag और पैसा बेकार! जानें फिर क्या होगा आगे
केवाईसी अपडेट नहीं करने पर फास्टैग हो जाएगा बेकार. फोटो: प्रभात खबर

FASTag KYC Update: अगर आपके पास कार या अन्य फोर व्हीलर है और आप नेशनल हाईवे पर सफर करते हैं, तो टोल टैक्स पेड करने के लिए आपके पास फास्टैग (FASTag) होना जरूरी है. आपने अपने फास्टैग केवाईसी अपडेट (FASTag KYC Update) नहीं किया है, तो खाते में बैलेंस रहने के बावजूद आपका फास्टैग डिएक्टिवेट कर दिया जाएगा.

31 जनवरी के बाद बिना केवाईसी वाले फास्टैग बेकार

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने भारत में इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन सिस्टम को पारदर्शी बनाने का फैसला किया है. ऐसा करने के लिए सरकारी एजेंसी ने 31 जनवरी 2024 के बाद बिना केवाईसी वाले फास्टैग (FASTags) को खाते में बैलेंस रहने के बाद भी डीएक्टिवेट करने का फैसला किया है. यह निर्णय ‘वन व्हीकल, वन फास्टैग’ कार्यक्रम के तहत लिया गया है. इसका उद्देश्य पूरे भारत में लागू की गई इलेक्ट्रॉनिक टोल पेमेंट सिस्टम में पारदर्शिता लाना है.

Also Read: FASTag सर्विस जल्द लॉन्च करेगा इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक, PayTm यूजर्स को खींचने का प्लान

वन व्हीकल, वन फास्टैग

एनएचएआई की ओर से किए गए दावे के अनुसार, कई मामलों में यह देखा गया है कि एक वाहन के लिए कई फास्टैग जारी किए जा चुके हैं. हालांकि, नई पहल के तहत सरकारी एजेंसी का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि एक वाहन में केवल एक फास्टैग होगा. साथ ही, यह कार्यक्रम कई वाहनों के लिए एक ही फास्टैग के इस्तेमाल को हतोत्साहित करेगा. एनएचएआई ने कहा है कि फास्टैग यूजर्स को आरबीआई की गाइडलाइन के अनुसार केवाईसी अपडेट करके इस साल 31 जनवरी तक अपने नए फास्टैग की केवाईसी प्रक्रिया पूरी करनी होगी. इसमें कहा गया है कि केवल नए फास्टैग खाता सक्रिय रहेगा, क्योंकि पिछले टैग इस समय सीमा के बाद निष्क्रिय या ब्लैकलिस्ट कर दिए जाएंगे.

Also Read: Paytm Fastag: क्या आपके भी पास है पेटीएम का फास्टैग? पढ़ लें यह जरूरी खबर

किस स्थिति में रद्द होगा फास्टैग

अगर आप कई वाहनों के लिए एक ही फास्टैग या एक ही वाहन के लिए कई फास्टैग का इस्तेमाल कर रहे हैं, तो ऐसी स्थिति में आपका फास्टैग रद्द कर दिया जाएगा. यह आपके लिए चिंता का विषय होना चाहिए. और, अगर आपने फास्टैग केवाईसी को अपडेट कर दिया है और श्योर नहीं हैं कि आपका नया फास्टैग केवाईसी अपडेट हुआ है या नहीं, तो इसे चेक और अपडेट करने के कई तरीके हैं.

Also Read: सावधान! PayTm पर अब नहीं मिलेगी FASTags की सुविधा, NHAI ने बैंकों की लिस्ट से किया बाहर

फास्टैग केवाईसी स्टेटस चेक करें

सबसे पहले, अपने नए फास्टैग केवाईसी स्टेटस को चेक करें. इसके लिए ग्राहक आधिकारिक वेब पोर्टल https://fastag.ihmcl.com पर विजिट करें. फिर रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और पासवर्ड का इस्तेमाल करके अपने खाते में लॉग इन करें. आप सत्यापन के लिए ओटीपी का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. लॉग इन करने के बाद डैशबोर्ड पर जाएं और ‘माई प्रोफाइल’ का ऑप्शन चुनें. यह आपको रजिस्ट्रेशन प्रोसेस के दौरान पेश किए गए ब्योरे को दिखाएगा.

अगर केवाईसी नहीं किया तो अपडेट करें

यदि नए फास्टैग के लिए केवाईसी अपडेट नहीं किया गया है, तो ‘माई प्रोफाइल’ में केवाईसी का पता लगाएं. केवाईसी पर क्लिक करने पर आपको ग्राहक कैटेगरी का चयन करने के लिए निर्देश दिया जाएगा. आवश्यक आईडी प्रमाण और पते के प्रमाण दस्तावेज जमा करके अनिवार्य फील्ड भरें. इसके अलावा, प्रमाण के तौर पर एक पासपोर्ट साइज की तस्वीर और एड्रेस प्रूफ अपलोड करें. इन विवरणों को अपलोड करने से पहले सुनिश्चित करें कि आपने दस्तावेजों और सूचनाओं के प्रमाणीकरण की सेल्फ अटेस्टेड के बॉक्स पर टिक कर दिया है. अब अपना केवाईसी डॉक्यूमेंट्स को अपलोड करें. इसके बाद आपका फास्टैग केवाईसी कम्प्लीट हो जाएगा.

Also Read: Aadhaar-PAN Link के बाद सस्ता हो जाएगा Car Loan, जानें कैसे?

केवाईसी के वक्त इन दस्तावेजों को अपने पास रखें

फास्टैग के लिए केवाईसी अपडेट करते समय सुनिश्चित करें कि आप इन दस्तावेजों को संभाल कर रखें. सुनिश्चित करें कि गाड़ी का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) आपके पास है. साथ ही एक पासपोर्ट साइज फोटो भी रखें. इसके अलावा वाहन मालिक का ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, आधार कार्ड, पासपोर्ट या मतदाता पहचान पत्र (जिसके नाम पर फास्टैग खरीदा गया है) होना चाहिए. इनमें से कोई भी सरकारी दस्तावेज मालिक के पहचान प्रमाण के रूप में प्रदान किया जा सकता है.

Previous article National science day 2024: जानें 28 फरवरी को ही क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय विज्ञान दिवस
Next article Juniper Hotels IPO Listing: सुस्त लिस्टिंग के बाद 11% उछला जूनिपर होटल्स का स्टॉक, जानें निवेशकों का कितना हुआ मुनाफा
Avatar Of Kumarvishwat Sen
कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel