[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Automobile बाइक के दोनों टायरों में बराबर हवा क्यों नहीं भरी जाती? आधा भारत नहीं जानता वजह

बाइक के दोनों टायरों में बराबर हवा क्यों नहीं भरी जाती? आधा भारत नहीं जानता वजह

0
बाइक के दोनों टायरों में बराबर हवा क्यों नहीं भरी जाती? आधा भारत नहीं जानता वजह
बाइक के टायर में हवा भरते हुए एआई इमेज

अगर आप रोज बाइक चलाते हैं, तो आपने कभी न कभी यह जरूर नोटिस किया होगा कि मैकेनिक या पेट्रोल पंप कर्मचारी आगे वाले टायर में कम और पीछे वाले टायर में ज्यादा हवा भरते हैं. उस समय कई लोगों के मन में यह सवाल तो जरूर आता होगा, कि आखिर दोनों टायरों में बराबर हवा क्यों नहीं भरी जाती? कई लोग इसे सिर्फ एक नियम की तरह मानते हैं. लेकिन यह सिर्फ एक नियम नहीं, बल्कि इसके पीछे का कारण बाइक की सेफ्टी, बैलेंस और परफॉर्मेंस से जुड़ा हुआ है. टायर में हवा कम या ज्यादा होने का सीधा असर बाइक की ग्रिप, ब्रेकिंग, माइलेज और राइडिंग कम्फर्ट पर पड़ता है. यही वजह है कि कंपनियां फ्रंट और रियर टायर के लिए अलग-अलग एयर प्रेशर तय करती हैं. आइए जानते हैं कि इसके पीछे की असली वजह क्या है.

पीछे वाले टायर पर ज्यादा होता है वजन

बाइक में इंजन, फ्यूल टैंक और राइडर का ज्यादातर वजन पीछे की तरफ पड़ता है. खासकर जब कोई व्यक्ति बाइक पर बैठता है, तो रियर टायर पर लोड काफी बढ़ जाता है. इसी कारण पीछे वाले टायर में ज्यादा हवा भरी जाती है, ताकि वह एक्स्ट्रा वजन को आसानी से संभाल सके और सड़क पर बेहतर बैलेंस बनाए रखे. अगर पीछे के टायर में कम हवा होगी, तो बाइक भारी महसूस हो सकती है और टायर जल्दी खराब भी हो सकता है.

आगे वाला टायर संभालता है कंट्रोल

फ्रंट टायर का काम सिर्फ वजन उठाना नहीं, बल्कि बाइक की दिशा और बैलेंस को कंट्रोल करना भी होता है. यही टायर स्टीयरिंग को संभालता है और मोड़ लेते समय सबसे अहम भूमिका निभाता है. ऐसे में अगर आगे वाले टायर में ज्यादा हवा भर दी जाए, तो वह ज्यादा सख्त हो जाएगा. इससे सड़क पर उसकी पकड़ कम हो सकती है और खराब रास्तों पर झटके ज्यादा महसूस होंगे. इसलिए फ्रंट टायर में थोड़ा कम प्रेशर रखा जाता है, ताकि बाइक स्मूद और आरामदायक चले.

ब्रेक लगाने के समय बदल जाता है वजन

जब बाइक पर अचानक ब्रेक लगाया जाता है, तो उसका वजन आगे की तरफ शिफ्ट हो जाता है. ऐसे समय में फ्रंट टायर को ज्यादा ग्रिप की जरूरत पड़ती है. कम हवा होने की वजह से टायर का सड़क से संपर्क ज्यादा बना रहता है, जिससे ब्रेकिंग बेहतर होती है और बाइक जल्दी कंट्रोल में आ जाती है. यही कारण है कि फ्रंट टायर में थोड़ा कम एयर प्रेशर रखना सुरक्षित माना जाता है.

गलत एयर प्रेशर से क्या नुकसान हो सकता है?

अगर टायर में जरूरत से ज्यादा हवा भर दी जाए, तो टायर बीच से जल्दी घिसने लगता है और सड़क पर पकड़ कम हो जाती है. वहीं कम हवा होने पर टायर के किनारे ज्यादा घिसते हैं और माइलेज भी प्रभावित हो सकता है.

साथ ही गलत एयर प्रेशर की वजह से बाइक फिसलने का खतरा भी बढ़ सकता है. इसलिए हमेशा कंपनी द्वारा बताए गए सही टायर प्रेशर का ही इस्तेमाल करना चाहिए.

कितनी हवा भरनी चाहिए?

हर बाइक का टायर प्रेशर अलग होता है. आमतौर पर कंपनी इसकी जानकारी बाइक के स्विंगआर्म, फ्यूल टैंक या यूजर मैनुअल पर देती है. ऐसे में-

फ्रंट टायर: 25-30 PSI

रियर टायर: 30-36 PSI

हालांकि यह बाइक मॉडल और लोड के हिसाब से बदल सकता है.

यह भी पढ़ें: 45 डिग्री से ऊपर की गर्मी में इलेक्ट्रिक कार कितनी सेफ होती है? जानें यहां हर एक बात

Previous article KISHANGANJ : अधिकारियों ने जनगणना कार्य का लिया जायजा
Next article NEET (UG) रद्द : पेपर लीक की आशंका, 3 मई को हुई थी परीक्षा, CBI जांच के बाद दोबारा एग्जाम कब?
Avatar Of Shivani Shah
शिवानी कुमारी प्रभात खबर डिजिटल में जूनियर टेक-ऑटो कंटेंट राइटर हैं और डिजिटल मीडिया में वह 3 सालों से सक्रिय हैं. वह टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करती हैं. वह आसान भाषा और साफ तरीके से खबर लिखती हैं. टेक कैटेगरी में वह स्मार्टफोन लॉन्च, टेलीकॉम अपडेट्स, टिप्स एंड ट्रिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), गैजेट्स, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स और डिजिटल ट्रेंड्स जैसे टॉपिक्स पर खबर लिखती हैं. ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी शिवानी नई कार-बाइक लॉन्च, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ऑटो अपडेट्स, कार और बाइक से जुड़े टिप्स व नई तकनीक पर खबरें लिखती हैं. वह टेक और ऑटो की खबरों को आसान तरीके से पेश करती हैं, ताकि हर रीडर उसे आसानी से समझ सके. उनकी लेखन शैली आसान, स्पष्ट और यूजर्स-फर्स्ट अप्रोच पर बेस्ड है. शिवानी ने करीम सिटी कॉलेज जमशेदपुर से पत्रकारिता में ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की है. इसके बाद उन्होंने अपेक्स यूनिवर्सिटी जयपुर से पत्रकारिता में अपनी मास्टर्स की डिग्री हासिल की. अपनी पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने मीडिया और डिजिटल स्टोरीटेलिंग की बारीकियों को समझा और धीरे-धीरे कंटेन्ट राइटिंग की ओर अपना फोकस बढ़ाया. शिवानी ने Lagatar.Com और The News Post जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है. यहां उन्होंने टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और अन्य न्यूज बीट पर कंटेंट तैयार किया. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में उनकी खास रुचि है और वह लगातार नए विषयों पर बेहतर और भरोसेमंद कंटेंट तैयार कर रही हैं. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लगातार बदलते ट्रेंड्स और रीडर्स की जरूरतों को समझते हुए शिवानी SEO-फ्रेंडली, इंफॉर्मेटिव और एंगेजिंग कंटेंट तैयार करने पर फोकस करती हैं. उनकी कोशिश रहती है कि रीडर्स तक सही, काम की खबरें और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाई जा सके.
ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel