Rourkela News: साउथ-बिहार एक्सप्रेस पकड़ने के दौरान गिरने से यात्री की मौत

Rourkela News: राउरकेला रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर साउथ बिहार एक्सप्रेस पकड़ने के दौरान गिरकर घायल एक यात्री की मौत हो गयी.

By BIPIN KUMAR YADAV | August 21, 2025 11:46 PM

Rourkela News: राउरकेला रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-2 पर गुरुवार को साउथ बिहार एक्सप्रेस पकड़ने की आपाधापी में एक यात्री गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया. बाद में उसकी मौत हो गयी. यात्री की पहचान प्रबोध कुमार घोष के रूप में हुई है, जो बंडामुंडा के सी सेक्टर स्थित आरएस इंग्लिश स्कूल गली का रहने वाला था. घटना के समय उनकी पत्नी शिवानी घोष भी थीं. उन्होंने बताया कि भिलाई जाने के लिए उनका रिजर्वेशन एसी-थ्री में था और पति-पत्नी रेलवे स्टेशन सही समय पर पहुंच गये थे.

पत्नी ने गलत अनाउंसमेंट को हादसे का कारण बताया, जताया विरोध

मृतक की पत्नी शिवानी घोष ने बताया कि प्लेटफॉर्म संख्या-2 पर ट्रेन आनी थी. इसी दौरान अनाउंसमेंट किया गया कि ट्रेन के एसी डिब्बे आगे की ओर हैं. लिहाजा पति-पत्नी आगे की ओर जाने लगे. लेकिन अचानक फिर से अनाउंसमेंट किया गया कि एसी के डिब्बे पीछे की ओर हैं. जब तक यह अनाउंसमेंट हुआ, वे काफी आगे निकल गये थे. दोनों तुरंत मुड़कर पीछे की ओर लौटने लगे. इस दौरान अचानक प्रबोध घोष गिर गये. उन्हें गंभीर चोटें आयीं. शोर मचाने पर उन्हें स्ट्रेचर पर प्लेटफॉर्म संख्या-1 पर लाया गया. लेकिन चिकित्सा सुविधा मिलने में भी काफी समय लग गया. मौके पर पहुंचे चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. घटना को लेकर परिजनों सहित यात्रियों में जबरदस्त आक्रोश है.

डीआरएम के दौरे के 24 घंटे के भीतर हुई घटना

यह घटना ऐसे समय में हुई जब राउरकेला रेलवे स्टेशन का दौरा कर डीआरएम बुधवार को ही लौटे हैं. उनके दौरे के बावजूद सेवाओं में किसी तरह का सुधार नहीं देखा जा रहा है. राउरकेला रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाएं नहीं के बराबर है, लेकिन इसकी तुलना टाटानगर स्टेशन से की जाती है. बात पार्किंग शुल्क लागू करने की हो, तो हवाला टाटानगर रेलवे स्टेशन का दिया जाता है. लेकिन जब सुविधाओं की बात होती है, तो शीर्ष अधिकारियों के दौरों के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हो रहा है. रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर डिस्प्ले काम नहीं करने के कारण यात्रियों को अनाउंसमेंट पर निर्भर रहना पड़ता है. कई बार गलत अनाउंसमेंट होने से अफरा-तफरी का माहौल बन जाता है. कोई हादसा होने पर फिर जवाबदेही भी तय नहीं हो पाती है.

रेलवे प्रशासन है मौत के लिए जिम्मेवार

मृत यात्री की पत्नी शिवानी घोष ने कहा कि मैं साथ में थी. जिस तरह से अनाउंसमेंट में गलती की गयी, हमें एक से दूसरे छोर तक दौड़ना पड़ा. मेरे पति की उम्र 60 साल से अधिक थी. आपाधापी में उनकी जान चली गयी. पूरी तरह से स्थानीय रेलवे प्रशासन इसके लिए जिम्मेवार है.

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