Rourkela News: केंद्र सरकार 33 फीसदी आरक्षण देने में अपना रही टालमटोल वाली नीति : सुलता देव

Rourkela News: बीजू महिला जनता दल के महिला अधिकार अभियान में शामिल सांसद सुलता देव ने केंद्र और राज्य सरकार पर निशाना साधा.

By BIPIN KUMAR YADAV | May 30, 2026 1:07 AM

Rourkela News: बीजद सुप्रीमो और पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के निर्देश पर शुक्रवार को राउरकेला विधायक शारदा प्रसाद नायक के नेतृत्व में राउरकेला बीजू महिला जनता दल की सैकड़ों महिलाओं ने एक विशाल रैली निकाली. केंद्र और राज्य सरकारों की महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने में नाकामी और महिला उत्पीड़न को रोकने में असमर्थता का आरोप लगाते हुए भाजपा सरकार के खिलाफ नारे लगाये.

राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन

उदितनगर मां सिंहासिनी मंदिर से जुलूस निकालकर महिलाएं एडीएम कार्यालय पहुंचीं, जहां राष्ट्रपति के नाम एक मांगपत्र सौंपा गया. जुलूस की शुरुआत से पहले बीजद के युवा नेता शंकर अबुनी के निधन पर दो मिनट मौन प्रार्थना की गयी. बीजद के इस कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद सुलता देव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं. उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार महिलाओं को नजरअंदाज कर रही है, जबकि केंद्र सरकार 33 फीसदी आरक्षण देने में टालमटोल वाली नीति अपना रही है. राज्य सरकार महिलाओं की सुरक्षा करने में पूरी तरह फेल रही है. उन्होंने कहा कि नवीन सरकार में ओडिशा के आम लोग बहुत खुशहाल और शांतिपूर्ण जीवन जी रहे थे, लेकिन अब लोग खुशी और दुख, अच्छे और बुरे, उजाले और अंधेरे के बीच अनिश्चितता की स्थिति में जी रहे हैं, खासकर माताएं और बहनें. आज रसोई गैस सिलेंडर और पेट्रोल की कीमतें आसमान छू रही हैं और आवश्यक सामग्री की कीमतें बढ़ गयी हैं. उन्होंने पूछा, ‘क्या यह अच्छे दिन हैं’.

पूर्व सरकार की योजनाएं बंद होने से लोगों को हो रहीं दिक्कतें : विधायक

विधायक शारदा प्रसाद नायक ने कहा कि पिछली सरकार की जनता आधारित योजनाओं जैसे बीजू स्वास्थ्य कार्ड के पूरी तरह बंद होने से लोगों को बहुत ज्यादा दिक्कतें हो रही हैं. इसी तरह बीजद की संध्या लकड़ा, ज्योत्स्ना नायक, पूर्व नगरपाल रश्मिबाला मिश्र, छवि मोहंती, जयश्री पाणिग्राही, सुनंदा नाथ, आरती चौधरी, प्रतिभा दास, वीणा कुजूर, रीता सामल, वरिष्ठ नेता बीरेन सेनापति, गगन पांडा, संतोष नायक, जयंत कुमार मिश्रा, प्रशांत सेठी, बृजेश महतो ने राज्य में महिला की सुरक्षा पर अपने विचार व्यक्त किये. कार्यक्रम में गांधी पंडा, युवा नेता बुबुली राउत, बाबू खान, सुभाष स्वांई, संदीप छोटराय, पिंकू जायसवाल, काबुली प्रतिहारी, सुधांशु सामल, कृष्ण चंद्र भंज, मानस महंती, सीतू सामल, पितवास कांडी, प्रशांत नायक, राहुल मोहंती, प्रकाश धल, सत्यवती विभार, सपना राउतराय, पद्मा राव, चंदन तरई, सीता प्रधान, कल्याणी लेंका, सोनी कौर, रत्नमंजरी राउत, रीता सामल और कविता मल्लिक शामिल थे.