सोलर जलमीनार खराब, ग्रामीणों को पेयजल संकट

पांच वर्ष पूर्व लगी जलमीनार महीनों से बंद, वरीय अधिकारियों से मरम्मत की मांग

By SANJEET KUMAR | February 6, 2026 10:48 PM

मेहरमा प्रखंड अंतर्गत धनकुढ़ीया पंचायत के छोटी धनकुढ़ीया गांव में शिव मंदिर के समीप स्थापित सोलर जलमीनार के महीनों से खराब पड़े रहने के कारण ग्रामीणों को गंभीर पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है. यह सोलर जलमीनार लगभग पांच वर्ष पूर्व 14वें वित्त आयोग की राशि से करीब तीन लाख रुपये की लागत से स्थापित की गयी थी. जलमीनार के लगने से ग्रामीणों में यह आशा जगी थी कि अब उन्हें न केवल पानी की समस्या से राहत मिलेगी, बल्कि जलमीनार में लगे फिल्टर के माध्यम से स्वच्छ पेयजल भी उपलब्ध होगा. परंतु स्थापना के कुछ ही महीनों बाद जलमीनार खराब हो गया, जिससे ग्रामीणों की उम्मीदों पर पानी फिर गया.

चापानल भी हुआ खराब, बढ़ी परेशानी

जलमीनार चापानल से जुड़ा होने के कारण उसके खराब होने से चापानल भी अनुपयोगी हो गया है. इससे गांव के लोगों को पानी के लिए दूर-दराज भटकना पड़ रहा है. उल्लेखनीय है कि यह जलमीनार शिव मंदिर के समीप तथा सड़क किनारे स्थित था, जिससे पूजा-अर्चना के लिए आने वाले श्रद्धालुओं एवं राहगीरों को भी आसानी से पानी उपलब्ध हो जाता था. श्रद्धालु इसी जलमीनार के पानी से पूजा करते थे, लेकिन अब सभी को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. इस संबंध में ग्रामीणों निरंजन यादव, पंकज यादव, बदरी मंडल, संजय यादव, बिलास मंडल, पीयूष कुमार एवं मनोज मंडल सहित अन्य लोगों ने वरीय अधिकारियों से अविलंब सोलर जलमीनार की मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि ग्रामीणों और श्रद्धालुओं को पुनः पेयजल सुविधा मिल सके.“सोलर जलमीनार को कई बार मरम्मत कराकर चालू कराया गया है, लेकिन कुछ दिनों बाद वह पुनः खराब हो जाता है. वरीय पदाधिकारी के निर्देश पर शीघ्र ही इसे फिर से ठीक कराया जाएगा.

-जंगबहादुर सिंह, मुखिया, धनकुढ़ीया पंचायतB