सकारात्मक सोच जरूरी

पूरे देश में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 व 35ए हटाये जाने पर खुशियां मनायी जा रहीं हैं. प्रत्यक्ष रूप में मोदी-शाह की जोड़ी को एक देश के नायाब नायक सिद्ध करने का भरपूर प्रयास हो रहा है. मान लिया जाए कि 1947 में नेहरू जी द्वारा अनुच्छेद 370 और 35ए को लागू करना एक गलती […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | August 9, 2019 6:56 AM
पूरे देश में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 व 35ए हटाये जाने पर खुशियां मनायी जा रहीं हैं. प्रत्यक्ष रूप में मोदी-शाह की जोड़ी को एक देश के नायाब नायक सिद्ध करने का भरपूर प्रयास हो रहा है. मान लिया जाए कि 1947 में नेहरू जी द्वारा अनुच्छेद 370 और 35ए को लागू करना एक गलती थी, तो क्या इसे लेकर बात-बात में उन्हें अपमानित व तिरस्कृत किया जाए? नेहरूजी ने इस देश के लिए बहुत कुछ किया है.
उनका योगदान अविश्वमरणीय है. अब कश्मीरी महिलाओं को लेकर तरह-तरह के अमर्यादित बयान आ रहे हैं. क्या कश्मीरी महिलाएं अपने देश की महिलाओं से अलग है.? उनके लिए इस तरह की बयानबाजी अनैतिक है. महिलाओं के प्रति हमार रवैया हमेशा सकारात्मक व सम्मानजनक होना चाहिए. वरिष्ठ नेताओं को इस विषय में विशेष ध्यान देने की जरूरत है.
निर्मल कुमार शर्मा, गाजियाबाद