मतदाताओं की अग्नि परीक्षा

जैसे-जैसे 2019 का लोकसभा चुनाव नजदीक आ रहा है, पक्ष-विपक्ष, दोनों जनता को लामबंद करने में जुट गये हैं. भाजपा के लिए यह चुनाव अग्निपरीक्षा होगी. जनता उसके पांच सालों में किये गये कार्यों का हिसाब मांगेगी. वहीं, कांग्रेस के लिए यह अस्तित्व बचाने की चुनौती होगी. भाजपा इस बार 2014 से भी अच्छा प्रदर्शन […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | September 12, 2018 6:21 AM

जैसे-जैसे 2019 का लोकसभा चुनाव नजदीक आ रहा है, पक्ष-विपक्ष, दोनों जनता को लामबंद करने में जुट गये हैं. भाजपा के लिए यह चुनाव अग्निपरीक्षा होगी. जनता उसके पांच सालों में किये गये कार्यों का हिसाब मांगेगी. वहीं, कांग्रेस के लिए यह अस्तित्व बचाने की चुनौती होगी. भाजपा इस बार 2014 से भी अच्छा प्रदर्शन दोहराने के प्रयास में है. इस पर पार्टी काफी गहन मंथन कर रही है. उत्तर प्रदेश में सभी 74 सीटों को जीतने का लक्ष्य निर्धारित किया है. विपक्ष नोटबंदी, जीएसटी, राफेल सौदे जैसे मुद्दों पर आक्रामक है और सरकार को घेरने की तैयारी में है.

इसलिए 2019 के चुनाव में भाजपा को कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ सकता है, लेकिन असल परीक्षा भारत की मतदाताओं की होगी कि वे लोक लुभावने वायदों से दूर वास्तविक मुद्दों पर मत डाल कर लोकतंत्र को मजबूत करते हैं या फिर जाति आधारित पुरानी सोच के आधार पर.

मो इश्तियाक, वासेपुर, धनबाद