नयी दिल्ली: दिल्ली के उपराज्यपाल नजीब जंग और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बीच कटु संघर्ष का एक नया चक्र शुरु हो गया है और जंग ने बिहार के पांच पुलिस अधिकारियों को यहां भ्रष्टाचार रोधी शाखा में शामिल करने के आम आदमी पार्टी सरकार के फैसले पर सवाल उठाया है, वहीं दिल्ली सरकार ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की.
आप सरकार की ओर से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कार्यालय को किये गए अनुरोध के बाद बिहार पुलिस के तीन निरीक्षक और दो उप निरीक्षक दिल्ली सरकार के एसीबी में शामिल हो गए हैं. ये नियुक्तियां ऐसे समय पर हुई हैं जब केजरीवाल सरकार और उपराज्यपाल के बीच अधिकारक्षेत्र को लेकर तीखी जंग जारी है.इस कदम पर कडी प्रतिक्रिया जताते हुए उपराज्यपाल के कार्यालय ने एक तरह से बिहार के पांच पुलिसकर्मियों की नियुक्ति को खारिज कर दिया और इस बात की पुष्टि की कि भ्रष्टाचार निरोधक शाखा उनके प्रत्यक्ष अधिकार और नियंत्रण में है.
उपराज्यपाल के कार्यालय ने एक बयान में कहा, ‘‘भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) दिल्ली, एक थाने के रुप में उपराज्यपाल के नियंत्रण और देखरेख में काम करता है. इस स्थिति को गृह मंत्रालय द्वारा अधिसूचना संख्या 1368 (ई) के माध्यम से भी स्पष्ट कर दिया गया है.’’ बयान में यह भी कहा गया है कि उपराज्यपाल को अभी तक बिहार पुलिसकर्मियों की नियुक्ति से जुडा कोई प्रस्ताव नहीं मिला है.
