[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home National फडणवीस के आश्वासन के बाद अन्‍ना हजारे ने अपना अनिश्चितकालीन अनशन खत्‍म किया

फडणवीस के आश्वासन के बाद अन्‍ना हजारे ने अपना अनिश्चितकालीन अनशन खत्‍म किया

0
फडणवीस के आश्वासन के बाद अन्‍ना हजारे ने अपना अनिश्चितकालीन अनशन खत्‍म किया

रालेगण सिद्धि (महाराष्ट्र) : लोकपाल की नियुक्ति को लेकर अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने 7 दिन बाद अपना अनशन खत्‍म कर दिया है. अन्‍ना का अनशन महाराष्‍ट्र के मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने खत्‍म कराया.अन्ना हजारे के पास पहुंचे देवेंद्र फडणवीस ने कहा, 13 फरवरी को लोकपाल सर्च कमिटी की बैठक होगी. इसके बाद सुप्रीम कोर्ट के दिशा निर्देशों के मुताबिक अगले सत्र में बिल पेश किया जाएगा.

गौरतलब हो 7 दिनों से लोकपाल की नियुक्ति की मांग को लेकर अन्‍ना हजारे अनशन में बैठे थे. अनशन के दौरान उनका करीब सवा चार किलोग्राम वजन कम हो गया.हजारे के स्वास्थ्य को लेकर चिंताएं बढ़ने के बीच, शिवसेना और मनसे ने भाजपा नीत सरकार से हजारे का जीवन बचाने के लिए हस्तक्षेप करने की मांग की थी. हजारे ने केन्द्र तथा महाराष्ट्र में लोकपाल एवं लोकायुक्त नियुक्ति और किसानों के मुद्दों को लेकर महाराष्ट्र के अहमदनगर में अपने पैतृक गांव रालेगण सिद्धि में 30 जनवरी को अनशन शुरू किया था.

हजारे ने अपने अनशन के दौरान कहा था, लोकपाल और लोकायुक्त के मेरे रामलीला मैदान आंदोलन के दौरान पूरा देश मेरे साथ खड़ा हुआ. एक माहौल बना. यही कारण है कि आप (भाजपा) सत्ता में आये. अब आप उन लोगों से धोखा कर रहे हैं जो आपको सत्ता में लेकर आये.

हजारे ने संवाददाताओं से कहा, अरूण जेटली और सुषमा स्वराज जैसी नेताओं ने कभी संसद में लोकपाल की मांग का पुरजोर बचाव किया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद वे इस पर चुप हैं. लगता है कि उन्हें लोकपाल और लोकायुक्त से नफरत हो गई है. आंदोलन से वे सत्ता में आये लेकिन वे इसे भूल गये हैं.

अन्ना हजारे के अनिश्चितकालीन अनशन और पद्म भूषण पुरस्कार लौटाने की चेतावनी देने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने सोमवार को बुजुर्ग गांधीवादी नेता से अनशन खत्म करने का आग्रह किया था.

उन्होंने कहा था कि सरकार ने उनकी लगभग सभी मांगें मान ली हैं. अपने राजनीतिक विरोधियों पर प्रहार करते हुए फडणवीस ने कहा कि हजारे को पहले में उन लोगों के बयान याद करने चाहिए जो आज उनका समर्थन कर रहे हैं. मुख्यमंत्री ने कहा, हम अन्ना से आग्रह करते हैं कि अनशन खत्म करें. हमने उनकी लगभग सभी मांगें मान ली हैं और खासकर लोकायुक्त के गठन से संबंधित मांग को स्वीकार कर लिया है और संयुक्त समिति के गठन की मांग भी स्वीकार कर ली है. हमने उन्हें मान लिया है.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel