[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home National #MeToo के तूफान में घिरे वरिष्ठ पत्रकार एमजे अकबर, जानें क्या है आरोप…

#MeToo के तूफान में घिरे वरिष्ठ पत्रकार एमजे अकबर, जानें क्या है आरोप…

0
#MeToo के तूफान में घिरे वरिष्ठ पत्रकार एमजे अकबर, जानें क्या है आरोप…

मुंबई/नयी दिल्ली : #MeToo कैंपेन का तूफान सूनामी का रूप लेता जा रहा है क्योंकि इसके लपेटे में ऐसे-ऐसे नाम आ रहे हैं कि लोग चौंक जा रहे हैं. ताजा मामला पत्रकार और लेखक एमजे अकबर और बॉलीवुड के ‘संस्कारी बाबूजी’ आलोक नाथ से जुड़ा है. एमजे अकबर पर पत्रकार प्रिया रमानी ने आरोप लगाया है, तो आलोक नाथ पर प्रोड्‌यूसर विंटा नंदा यौन शोषण का आरोप लगाया है. इससे पहले तनुश्री दत्ता ने नाना पाटेकर पर कंगना रनौत ने डायरेक्टर विकास बहल पर आरोप लगाया है.

एजे अकबर पर क्या है आरोप

एशियन एज के संपादक रहे वरिष्ठ पत्रकार और लेखक एमजे अकबर पर उनके साथ काम कर चुकीं महिला पत्रकार ने गंभीर आरोप लगाये हैं और वोग पत्रिका में #MeToo कैंपेन का हिस्सा बनते हुए स्टोरी की है. प्रिया रमानी ने वोग मैगजीन में कॉलम लिखा है जिसमें उन्होंने लिखा है. आपने मुझे कार्यस्थल पर काम करने का पहला लेशन सिखाया. मैं 23 की थी और आप 43 के. मैं आपके आलेखों को पढ़कर बड़ी हुई हूं. आप मेरे चुनिंदा हीरो में से एक थे. सबने यही कहा कि आपने भारतीय पत्रकारिता को एक नयी दिशा दी और मैं आपकी टीम में जुड़ना चाहती थी. सो हमने समय तय किया और आपने साउथ मुंबई के उस होटल में मेरा इंटरव्यू लिया ज़िसमें आप हमेशा ठहरते थे. रात के सात बज रहे थे, पर मैं परेशान नहीं थी. मैं जानती थी आप एक व्यस्त संपादक हैं. मैंने लॉबी में पहुंचकर आपको फोन किया और आपने कहा ऊपर आ जाओ . उस वक्त मैं नहीं जानती थी कि एक सेलिब्रेटी एडिटर किस तरह से एक नये पत्रकार का इंटरव्यू करता है. मेरे अंदर इतना कॉन्फिडेंस भी नहीं था कि मैं कह पाती कि मैं आपका लॉबी में इंतजार कर रही हूं.

https://twitter.com/priyaramani/status/1049279608263245824?ref_src=twsrc%5Etfw

मेरा इंटरव्यू डेट मालूम हो रहा था. आपने मुझे ड्रिकं अॅाफर किया, मैंने मना किया, तो आपने वोदका पी. आपने मुझसे मेरे पसंद का संगीत पूछा और गाना गुनगुनाने लगे. आपने मुझे अपने बेड पर बैठने को कहा. मैंने तनावग्रस्त मुस्कान के साथ कहा मैं ठीक हूं. मैं उस रात बच निकली. आपने मुझे काम दिया मैंने की महीने आपके साथ काम किया, लेकिन यह तय किया कि कभी आपके साथ रूम में अकेली नहीं रहूंगी.

इतने वर्षों में दुनिया बदल गयी लेकिन आपकी प्रजाति वैसी ही रहीं. आप युवा महिला पत्रकारों के लिए वैसे ही रहे. उन्हें गलती नीयत से देखने वाले और उनके साथ गलत व्यवहार करने वाले. आपका विरोध करने पर खामियाजा भुगतने का साहस नहीं होता युवा महिला पत्रकारों में. लेकिन आप ऐसा ना सोचें कि आप बच जायेंगे. कई महिला पत्रकार हैं, जो आपके इस व्यवहार की शिकार हैं और वे सामने आयेंगी.

#MeToo कैंपेन में शामिल हो रही हैं बॉलीवुड और मीडिया की महिलाएं

भारत में इस बार #MeToo कैंपेन का हिस्सा बॉलीवुड और मीडिया जगत से जुड़ी महिलाएं बन रहीं हैं. जहां नाना पाटेकर के खिलाफ तनुश्री दत्ता के आरोपों के साथ कथित गुनहगारों के खिलाफ यौन शोषण आरोपों के सामने आने का सिलसिला शुरू हुआ है, वहीं मीडिया जगत में इसके घेरे में आने के बाद अब अंग्रेजी के एक प्रमुख अखबार के दिल्ली ब्यूरो के प्रमुख ने कथित रूप से अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. यौन शोषण के आरोपों का सामना कर रहे फिल्मकार विकास बहल की नयी फिल्म ‘सुपर 30′ में काम कर रहे अभिनेता ऋतिक रोशन ने मामले को लेकर अपनी चुप्पी तोड़ी. उन्होंने कहा, ‘‘मेरे लिए ऐसे किसी इंसान के साथ काम करना असंभव है अगर वह इस तरह के गंभीर दुराचार का दोषी है. विकास बहल पर पिछले साल पहली बार आरोप सामने आए थे और हाल में एक लेख में पीड़िता के हवाले से पूरी घटना की जानकारी दी गयी. वहीं एआईबी ने यौन उत्पीड़न के आरोपों में घिरे गुरसिमरन खंबा को अस्थायी छुट्टी पर भेजने का फैसला लिया है, वहीं संस्थापक तन्मय भट्ट मामले के स्पष्ट होने तक एआईबी की दैनिक गतिविधियों से हर तरह से अलग रहेंगे. लेखक-कॉमेडियन उत्सव चक्रवर्ती, खंबा पर सीधे तौर पर यौन दुव्यर्वहार के आरोप हैं, जबकि तन्मय उनके (आरोपियों के) खिलाफ कदम ना उठाने को लेकर निशाने पर हैं. मशहूर अभिनेता और ‘आंखों देखी’ जैसी फिल्मों के निर्देशक रजत कपूर पर एक महिला पत्रकार ने अशिष्ट और गैर-पेशेवर व्यवहार का आरोप लगाया. इसके बाद कपूर ने कहा है कि उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी में एक अच्छा इंसान बनने की कोशिश की और वह दिल से माफी मांगते हैं. कपूर ने रविवार को ट्वीट कर महिला पत्रकार से माफी मांगी.

IWPC ने ने यौन शोषण की शिकायत के लिए सेल गठित करने की मांग की

इंडियन वीमेंस प्रेस कोर ने मीडिया घरानों से यौन शोषण की शिकायतों पर ध्यान देने के लिए तंत्र का गठन करने की मांग की. भारत में जोर पकड़ते #मीटू अभियान के बीच महिला पत्रकारों द्वारा सहकर्मियों, वरिष्ठों और अन्य पर लगाये गये यौन शोषण के आरोपों को देखते हुए आईडब्ल्यूपीसी ने मीडिया घरानों से उनकी शिकायतों पर ध्यान देने के लिए एक निवारण तंत्र का गठन करने की अपील की. आईडब्ल्यूपीसी की अध्यक्ष टी के राजलक्ष्मी ने एक बयान में कहा, ‘‘यह बात परेशान करने वाली है और गंभीर चिंता का विषय है कि उचित प्राधिकरणों के संज्ञान में लाए जाने के बावजूद कई शिकायतों पर सुनवाई नहीं हुई.’

मेनका गांधी ने मांग की शिकायत की आयुसीमा समाप्त की जाये

केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने कानून मंत्रालय से कहा है कि बाल यौन उत्पीड़न के लिए तय आयुसीमा हटाई जाए ताकि ‘10-15 साल बाद’ भी लोग ऐसे मामलों की शिकायत कर सकें. मेनका ने कहा कि वह बहुत खुश हैं कि ‘#मी टू’ अभियान भारत में भी शुरू हो गया है और इससे महिलाओं को सामने आकर शिकायत करने का हौसला मिला है. उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘जिसने उत्पीड़न किया है, उसे पीड़िता कभी नहीं भूल सकती. हमने कानून मंत्रालय को लिखा है कि किसी आयुसीमा के बगैर लोगों को शिकायत करने की अनुमति होनी चाहिए.’

#MeToo कैंपेन का इतिहास

#MeToo कैंपेन की शुरुआत पिछले साल अमेरिका से हुई थी जहां एलिसा मिलानो नाम की एक्ट्रेस ने महिलाओं के यौन शोषण को आवाज देने के लिए ट्‌विटर पर #MeToo कैंपेन चलाया था, जो सोशल मीडिया में वायरल हो गया था. वर्ष 2006 में अमेरिका की एक सोशल एक्टिविस्ट तरान बुरके ने इस #MeToo फ्रेज का प्रयोग यौन उत्पीड़न के लिए किया था, जो आज एक अभियान बन गया है. इसके जरिये महिलाएं कार्यस्थल पर होने वाले यौन उत्पीड़न और यौन दर्व्यवहार को सामने ला रहीं हैं.

प्रिया रमानी के पूरे आरोप पढ़ने के लिएक्लिक करें :-

Read More:-

#MeToo : आलोक नाथ पर महिला प्रोड्यूसर ने लगाये ये गंभीर आरोप, सुनाई आपबीती

#MeToo : नाना पाटेकर ने तनुश्री दत्ता के यौन उत्पीड़न के आरोपों को किया खारिज

#MeToo: कंगना रनौत बोलीं- मुझे जज करने का हक सोनम को किसने दिया

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel