[tdb_header_weather inline="yes" temp_color="#000000" loc_color="#000000" api="653566bd56b7ecfee45d74c0fc937fc1" float_right="yes" align_horiz="content-horiz-center" icon_size="24" icon_space="10" f_temp_font_family="420" f_temp_font_size="14" f_temp_font_weight="500" f_unit_font_size="14" f_loc_font_size="14" f_unit_font_family="882" location="Ranchi" icon_color="#000000"]
[tdb_header_categories align_horiz="content-horiz-left" el_align_horiz="content-horiz-left" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNSIsImhlaWdodCI6IjQwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9fQ==" icon_size="18" limit="18" elem_text_color="#2d2800" f_elem_font_family="420" f_elem_font_size="16px" f_elem_font_weight="500" tdicon="tdc-font-fa tdc-font-fa-navicon-reorder-bars" inline="yes" shadow_shadow_size="0" shadow_shadow_offset_vertical="0" shadow_shadow_spread="0" bg_color="#f9f9f9" include="1028, 1081, 1446, 1228, 3706, 2624,1071"][tdb_mobile_horiz_menu inline="yes" menu_id="372" tdc_css="eyJwaG9uZSI6eyJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBob25lX21heF93aWR0aCI6NzY3LCJhbGwiOnsiYm9yZGVyLXN0eWxlIjoibm9uZSIsImRpc3BsYXkiOiIifX0=" f_elem_font_size="18px" f_elem_font_weight="eyJhbGwiOiI3MDAiLCJwaG9uZSI6IiJ9" f_elem_font_family="420" text_color_h="#f58220" main_sub_icon_size="13"]
Home Business कपड़ा मिलों के प्राइवेटाइजेशन के खिलाफ श्रमिक संघों ने दी आंदोलन करने की चेतावनी

कपड़ा मिलों के प्राइवेटाइजेशन के खिलाफ श्रमिक संघों ने दी आंदोलन करने की चेतावनी

0
कपड़ा मिलों के प्राइवेटाइजेशन के खिलाफ श्रमिक संघों ने दी आंदोलन करने की चेतावनी

कोयंबटूर : राष्ट्रीय कपड़ा निगम (एनटीसी) की मिलों के निजीकरण और उसकी जमीनों को बेचने को लेकर प्रमुख श्रमिक संघों ने शनिवार को केंद्र को राज्यव्यापी आंदोलन करने की चेतावनी दी. सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन समेत 10 से अधिक श्रमिक संघों के प्रतिनिधियों की एक बैठक में आरोप लगाया गया है कि केंद्र सरकार कपड़ा निगम की जमीनों को अन्य उद्देश्य के लिए या फिर निजी एजेंसियों को बेचने की कोशिश कर रही है. जैसा की हाल में आंबेडकर स्मारक के निर्माण के लिए मुंबई में मिल की जमीन बेची गयी है.

एआईटीयूसी के सूत्रों के अनुसार, बैठक में बताया गया है कि सरकार का दावा है कि इन मिलों को चलाने के लिए पैसा नहीं है. ये मिलें घाटे में चल रही हैं. श्रमिक संघ चाहते हैं कि सरकार संपत्ति की बिक्री से मिली पूंजी को कर्मचारियों के लाभ और मिलों के आधुनिकीकरण पर खर्च करे. राज्य से चुने गये सांसदों का ध्यान इस मामले की ओर ले जाया जायेगा, ताकि वह इस मुद्दे को संसद में उठा सकें और प्रधानमंत्री एवं वित्त मंत्री से इस पर मुलाकात कर सकें.

सूत्रों ने कहा कि यदि केंद्र इस समस्या को सुलझाने में नाकाम रहता है, तो श्रमिक संगठन इसके खिलाफ राज्यव्यापी हड़ताल करेंगे. बैठक में ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (एटक), सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू), एचएमएस , एटीपी , एमएलएफ , एलपीएफ और आईएनटीयूसी के नेताओं ने हिस्सा लिया.

Disclaimer: शेयर बाजार से संबंधित किसी भी खरीद-बिक्री के लिए प्रभात खबर कोई सुझाव नहीं देता. हम बाजार से जुड़े विश्लेषण मार्केट एक्सपर्ट्स और ब्रोकिंग कंपनियों के हवाले से प्रकाशित करते हैं. लेकिन प्रमाणित विशेषज्ञों से परामर्श के बाद ही बाजार से जुड़े निर्णय करें.

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel